Pakistan Defence Minister Khawaja Asif speaking on India drone allegations amid regional tensions

भारत पर पाक का झूठा आरोप, रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ घिरे

पाकिस्तान के भारत पर नए आरोप, रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के दावे पर उठे सवाल; जानिए पूरा मामला”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ एक बार फिर भारत को लेकर दिए गए अपने बयान को लेकर चर्चा में हैं।

उन्होंने दावा किया कि अफगानिस्तान में भारत की ओर से भेजी गई चिकित्सा सहायता की खेप के साथ ड्रोन भी भेजे गए, जिनका बाद में पाकिस्तान के खिलाफ इस्तेमाल किया गया।

हालांकि, इस दावे के समर्थन में पाकिस्तान की ओर से कोई सार्वजनिक प्रमाण या आधिकारिक साक्ष्य पेश नहीं किया गया है।

दरअसल, हाल ही में अफगानिस्तान में तालिबान से जुड़े सुरक्षा बलों द्वारा पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान क्षेत्र में कथित तौर पर आईएसआईएस के ठिकानों को ड्रोन से निशाना बनाए जाने की खबरें सामने आई थीं।

इसके बाद पाकिस्तान में कुछ हलकों ने इन घटनाओं को भारत की मानवीय सहायता से जोड़ने का प्रयास किया।

विशेषज्ञों ने दावों पर उठाए सवाल

रक्षा मामलों के जानकारों का कहना है कि ख्वाजा आसिफ का बयान फिलहाल केवल एक आरोप है, क्योंकि इसके समर्थन में कोई स्वतंत्र या आधिकारिक प्रमाण उपलब्ध नहीं कराया गया है। </st

विशेषज्ञों के अनुसार, बिना सबूत लगाए गए ऐसे आरोप क्षेत्रीय तनाव को बढ़ा सकते हैं और जनमत को प्रभावित करने का प्रयास भी माने जा सकते हैं।

भारत की बढ़ती ड्रोन इंडस्ट्री पर चर्चा

विशेषज्ञों का मानना है कि भारत का तेजी से विकसित हो रहा स्वदेशी ड्रोन उद्योग भी चर्चा का विषय बना हुआ है।

रक्षा क्षेत्र में भारत लगातार स्वदेशी तकनीक और ड्रोन निर्माण क्षमता को मजबूत कर रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारतीय ड्रोन तकनीक का उपयोग निगरानी, सुरक्षा और सामरिक अभियानों में बढ़ा है।

रक्षा उद्योग से जुड़े विश्लेषकों का मानना है कि भारत की बढ़ती तकनीकी क्षमता और ड्रोन निर्माण में आत्मनिर्भरता दक्षिण एशिया के सामरिक समीकरणों को प्रभावित कर रही है।

2030 तक ड्रोन हब बनने की दिशा में भारत

उद्योग से जुड़ी विभिन्न रिपोर्टों के अनुसार, भारत के पास वर्ष 2030 तक वैश्विक ड्रोन निर्माण केंद्र बनने की बड़ी संभावना है।

ड्रोन निर्माण और उससे जुड़े पुर्जों का उद्योग आने वाले वर्षों में भारतीय विनिर्माण क्षेत्र को नई गति दे सकता है। इसके साथ ही ‘मेक इन इंडिया’ अभियान और रक्षा निर्यात को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

पाकिस्तान ने क्यों लगाया आरोप?

पाकिस्तान का दावा है कि भारत द्वारा अफगानिस्तान को चिकित्सा सहायता भेजे जाने के बाद उसके सीमावर्ती क्षेत्रों में ड्रोन हमले हुए।

इसी आधार पर कुछ पाकिस्तानी नेताओं और विश्लेषकों ने आरोप लगाया कि सहायता सामग्री के साथ ड्रोन भेजे गए थे।

हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और न ही इसके समर्थन में कोई सार्वजनिक साक्ष्य सामने आया है।

सीमा पर बढ़ा तनाव

इसी बीच पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के पक्तिया, पक्तिका और कुनार प्रांतों में हवाई कार्रवाई की। अफगान प्रशासन का कहना है कि इन हमलों में आम नागरिकों की भी मौत हुई।

यह कार्रवाई कराची में पाकिस्तानी सेना पर हुए आतंकी हमले के बाद की गई, जिसमें कई सैनिक हताहत हुए थे।

भारत का जवाब

भारत के विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि बिना आधार के भारत पर आरोप लगाने के बजाय पाकिस्तान को अपने यहां सक्रिय आतंकी ढांचे के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।

मंत्रालय ने कहा कि दूसरे देशों पर आरोप लगाने से पहले पाकिस्तान को अपने आंतरिक सुरक्षा तंत्र और आतंकवाद की चुनौती पर ध्यान देना चाहिए।