दिल्ली में 1 जुलाई से शुरू हो रहे मतदाता सूची सत्यापन (SIR) अभियान को लेकर आम लोगों से अपना नाम जांचने की अपील करते आम आदमी पार्टी के नेता।

दिल्ली: 1 जुलाई से SIR शुरू, वोटर लिस्ट जरूर जांचें – सुभाष लाला

दिल्लीवासियों के लिए जरूरी खबर: 1 जुलाई से शुरू हो रहा ‘SIR’ अभियान, AAP नेता सुभाष लाला ने की पोलिंग बूथ जाकर वोटर लिस्ट में नाम जांचने की अपील”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : श्रीमती शिल्पा की रिपोर्ट 

दिल्ली में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत करने और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करने के लिए आगामी 1 जुलाई से मतदाता सूची के सत्यापन और पुनरीक्षण का विशेष ‘SIR’ अभियान शुरू होने जा रहा है।

इस महत्वपूर्ण अभियान के तहत चुनाव आयोग द्वारा नियुक्त अधिकारी बूथ स्तर पर बैठेंगे। इस बीच, विश्वास नगर निवासी आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता सुभाष लाला ने दिल्ली की जनता से इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की विशेष अपील की है।

AAP नेता सुभाष लाला की जनता से अपील

आम आदमी पार्टी के नेता सुभाष लाला ने इस अभियान की महत्ता पर जोर देते हुए कहा कि लोकतंत्र में हर एक वोट की कीमत होती है।

उन्होंने आम लोगों से अपील करते हुए कहा, “आगामी 1 जुलाई से दिल्ली भर में SIR शुरू हो रहा है। मेरी सभी दिल्लीवासियों से अपील है कि वे अपने-अपने पोलिंग बूथों (मतदान केंद्रों) पर जाएं और वहां मौजूद बीएलओ (BLO – Booth Level Officer) से मिलकर वोटर लिस्ट में अपना नाम जरूर चेक करवाएं।”

उन्होंने आगे कहा कि कई बार तकनीकी खामियों या अन्य कारणों से वैध मतदाताओं के नाम भी लिस्ट से कट जाते हैं, जिसकी जानकारी उन्हें सीधे चुनाव के दिन होती है और वे वोट देने से वंचित रह जाते हैं। इस परेशानी से बचने के लिए अभी से सजग होना जरूरी है।

क्या होता है बूथ लेवल पर काम?

1 जुलाई से शुरू हो रहे इस SIR अभियान के दौरान दिल्ली के हर पोलिंग बूथ पर BLO मौजूद रहेंगे। इस दौरान आम नागरिक निम्नलिखित कार्य आसानी से करवा सकते हैं:

  • नाम की जांच: मतदाता सूची (Voter List) में अपने और अपने परिवार के सदस्यों के नाम की पुष्टि करना।

  • नए वोटर का पंजीकरण: जिन युवाओं की उम्र 18 वर्ष पूरी हो चुकी है, वे नया वोटर आईडी कार्ड बनवाने के लिए ‘फॉर्म 6’ भर सकते हैं।

  • त्रुटि सुधार: यदि वोटर आईडी कार्ड में नाम, पता या जन्मतिथि में कोई गलती है, तो उसे ठीक करवाया जा सकता है।

  • नाम कटवाना: यदि परिवार में किसी सदस्य का निधन हो गया है या वे स्थान छोड़कर चले गए हैं, तो उनका नाम सूची से हटवाया जा सकता है।

लोकतंत्र के लिए क्यों जरूरी है यह कदम?

दिल्ली जैसे राजनीतिक रूप से सक्रिय राज्य में हर एक वोट निर्णायक भूमिका निभाता है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आम आदमी पार्टी का यह जमीनी स्तर का जन-संपर्क अभियान न केवल चुनाव आयोग की प्रक्रिया में सहयोग करेगा, बल्कि लोगों को उनके वोटिंग अधिकारों के प्रति जागरूक भी करेगा।

चुनाव संबंधी किसी भी असुविधा से बचने के लिए, सभी नागरिकों को अपने नजदीकी पोलिंग बूथ पर जाकर अपना पहचान पत्र और वोटर लिस्ट में अपना नाम 1 जुलाई के बाद जरूर सत्यापित कर लेना चाहिए।