अखिलेश का बीजेपी पर डोनेशन फर्स्ट हमला
“प्रयागराज में अखिलेश यादव का बीजेपी पर हमला, बोले- ‘नेशन फर्स्ट’ नहीं, अब ‘डोनेशन फर्स्ट’ की राजनीति”
प्रयागराज: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने प्रयागराज में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और उत्तर प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला।
अयोध्या और राम मंदिर से जुड़े मुद्दों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हालिया बयानों का जवाब देते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा आस्था के नाम पर राजनीति कर रही है और जनता की भावनाओं का राजनीतिक लाभ उठाया जा रहा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि जो लोग पहले “नेशन फर्स्ट” की बात करते थे, उनके वर्तमान राजनीतिक व्यवहार से ऐसा प्रतीत होता है कि अब उनके लिए “डोनेशन फर्स्ट” प्राथमिकता बन गया है।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी भी सनातन परंपरा और धार्मिक आस्था का सम्मान करती है, लेकिन धर्म के नाम पर किसी भी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार स्वीकार नहीं किया जा सकता।
दान पेटी विवाद पर उठाए सवाल
प्रेस वार्ता के दौरान सपा प्रमुख ने अयोध्या की दान पेटी से जुड़े कथित अनियमितताओं के मामले का उल्लेख करते हुए सरकार से पारदर्शिता की मांग की।
उन्होंने आरोप लगाया कि श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े मामलों में पूरी सच्चाई सामने आनी चाहिए।
अखिलेश यादव ने मांग की कि संबंधित स्थानों के सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक किए जाएं ताकि यदि किसी प्रकार की अनियमितता हुई है तो उसकी निष्पक्ष जांच हो सके।
उन्होंने दावा किया कि इस मामले को लेकर आम लोगों के बीच भी कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं।
सरकार पर साधा निशाना
सपा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के अयोध्या दौरों का भी जिक्र करते हुए कहा कि यदि किसी प्रकार की अनियमितता हुई है तो उसकी जानकारी सरकार को पहले से होनी चाहिए थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि यदि मुख्यमंत्री को इस प्रकार के मामलों की जानकारी नहीं थी, तो इससे प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े होते हैं।
राजनीतिक बयानबाजी हुई तेज
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अखिलेश यादव ने भाजपा पर निशाना साधते हुए राजनीतिक तंज भी कसे और एक तुकबंदी के माध्यम से अपनी बात रखी।
उन्होंने दावा किया कि जनता अब ऐसे मामलों पर जवाब चाहती है और सरकार को पारदर्शी तरीके से स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
भाजपा की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार
फिलहाल समाजवादी पार्टी द्वारा लगाए गए इन आरोपों पर भारतीय जनता पार्टी या उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
यदि सरकार या संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया प्राप्त होती है तो समाचार को अपडेट किया जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आगामी चुनावों को देखते हुए उत्तर प्रदेश में भाजपा और समाजवादी पार्टी के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर और तेज हो सकता है।











