पीएम मोदी को सेशेल्स का सर्वोच्च सम्मान मिला
सेशेल्स ने पीएम मोदी को दिया सर्वोच्च नागरिक सम्मान, पर्यावरण संरक्षण में नेतृत्व के लिए मिला ‘गार्जियन ऑफ द ब्लू होराइजन’ अवॉर्ड”
नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन से मुकाबले और सतत विकास (Sustainable Development) के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सेशेल्स के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘गार्जियन ऑफ द ब्लू होराइजन’ (Guardian of the Blue Horizon) से सम्मानित किया गया है।
यह सम्मान उन्हें ग्रीन डेवलपमेंट, स्वच्छ ऊर्जा और वैश्विक स्तर पर पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने में निभाई गई उनकी नेतृत्वकारी भूमिका के लिए प्रदान किया गया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इन दिनों तीन दिवसीय सेशेल्स दौरे पर हैं। राजधानी विक्टोरिया में उनका भव्य स्वागत किया गया, जहां सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी ने उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया।
इस दौरान दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने, समुद्री सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन और हिंद महासागर क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी व्यापक चर्चा हुई।
पर्यावरण संरक्षण में भारत की भूमिका को मिली वैश्विक पहचान
पिछले कुछ वर्षों में भारत ने जलवायु परिवर्तन से निपटने, नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy), हरित विकास और सतत विकास के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण पहल की हैं।
अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (International Solar Alliance), मिशन LiFE (Lifestyle for Environment) और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने जैसी पहलों के कारण भारत को वैश्विक स्तर पर एक जिम्मेदार पर्यावरणीय साझेदार के रूप में देखा जा रहा है।
इसी दिशा में किए गए प्रयासों के लिए प्रधानमंत्री मोदी को यह सम्मान प्रदान किया गया।
मई 2026 में भी मिला था अंतरराष्ट्रीय सम्मान
यह पहला अवसर नहीं है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को किसी अंतरराष्ट्रीय संस्था ने सम्मानित किया हो।
इससे पहले मई 2026 में संयुक्त राष्ट्र की खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) ने उन्हें कृषि क्षेत्र में सुधार, खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने और टिकाऊ खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रतिष्ठित एग्रिकोला मेडल (Agricola Medal) से सम्मानित किया था।
भारत-सेशेल्स संबंधों को नई मजबूती
सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी ने प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई वार्ता को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि भारत और सेशेल्स के बीच संबंध आपसी विश्वास, सहयोग और साझा विकास के मजबूत आधार पर टिके हैं।
दोनों देशों ने अपने राजनयिक संबंधों की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर हिंद महासागर क्षेत्र को सुरक्षित, समृद्ध और स्थिर बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
140 करोड़ भारतवासियों को समर्पित किया सम्मान
सम्मान प्राप्त करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे भारत के 140 करोड़ नागरिकों को समर्पित करते हुए कहा कि यह सम्मान केवल उनका नहीं, बल्कि पूरे भारत का गौरव है।
उन्होंने कहा कि दुनिया के वे सभी देश, जो जलवायु परिवर्तन की चुनौती से लड़ रहे हैं और पर्यावरण संरक्षण को अपनी प्राथमिकता बना रहे हैं, यह सम्मान उनके साझा प्रयासों का भी प्रतीक है।
हिंद महासागर हमारा साझा भविष्य
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत और सेशेल्स के बीच सदियों पुराने समुद्री और सांस्कृतिक संबंध रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हिंद महासागर केवल समुद्री मार्ग नहीं बल्कि साझा विरासत और विकास का आधार है।
भारत का ‘महासागर विजन’ क्षेत्रीय सुरक्षा, आर्थिक विकास और पर्यावरण संरक्षण के संतुलित दृष्टिकोण पर आधारित है।
उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी साझेदारी की मजबूती देशों के आकार से नहीं, बल्कि आपसी सम्मान, विश्वास और समान हितों से तय होती है।
भारत भविष्य में भी हिंद महासागर क्षेत्र के देशों के साथ विकास और सुरक्षा के लिए मिलकर काम करता रहेगा।











