उत्तर प्रदेश : आकाशीय बिजली का कहर, चार बच्चों समेत 5 लोगों की मौत

“कौशांबी जिले के दो अलग-अलग थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात आकाशीय बिजली गिरने से चार लोगों की मौत हो गई”

लखनऊ 20 / 06 / 2025 सन्तोष सेठ की रिपोर्ट 

पिछले कुछ दिनों में मौसम ने जोरदार करवट ली है। तेज हवाएं और रह रह कर बारिश हो ही है। आसमान में तेज बिजली भी चमक रही है। मौसम की मार से लोग काफी ज्यादा परेशान है। कौशांबी जिले के दो अलग-अलग थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात आकाशीय बिजली गिरने से चार लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने मृतकों के शव कब्जे में लेकर उन्हें पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

सराय अकिल थाने के प्रभारी सुनील कुमार ने बताया कि जुगराजपुर गांव के चार बच्चे- सतीश कुमार (13), मनी (13), पवन दास और दीपांजलि बकरियां चरा रहे थे। इस दौरान तेज गर्जना के साथ आकाशीय बिजली गिरी और चारों बच्चे इसकी चपेट में आ गए।

उन्होंने बताया कि झुलस गए इन बच्चों को परिजन तत्काल निजी अस्पताल लेकर पहुंचे जहां डॉक्टरों ने सतीश और मनी को मृत घोषित कर दिया, जबकि पवन और दीपांजलि को प्राथमिक उपचार के बाद खतरे से बाहर बताया गया है। 

अधिकारी के अनुसार इस घटना की जानकारी आपदा प्रबंधन विभाग को भेज दी गई है और मृतक बच्चों के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। दूसरी घटना कौशांबी थाना क्षेत्र के तारा का पूरा गांव की है।

क्षेत्राधिकारी अभिषेक सिंह ने बताया कि तारा का पुरा गांव में तीन बच्चे- गोविंद (15), रूपा देवी (12) और मोहित (10) भैंस चराने गए थे, तभी आकाशीय बिजली गिर गई और तीनों बच्चे झुलस गए। सिंह ने बताया कि गोविंद की मौके पर ही मौत हो गई तथा रूपा की जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। मोहित का एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है।

इससे पहले मथुरा के कृष्णा नगर इलाके में भारी बारिश के दौरान छत से बारिश का पानी साफ करते समय बिजली गिरने से 40 वर्षीय भाजपा नेता की मौत हो गई। पुलिस ने बुधवार को यह जानकारी दी।

पुलिस उपाधीक्षक भूषण वर्मा ने बताया कि मृतक, कृष्णा नगर भाजपा मंडल के सेक्टर प्रभारी बलराम सिंह, मंगलवार शाम को आंधी के दौरान छत पर जमा पानी को निकालने की कोशिश कर रहे थे, तभी बिजली गिर गई।

वर्मा ने बताया, “उनकी चीख सुनकर परिवार के सदस्य छत पर पहुंचे और उन्हें बेहोश पाया। रिश्तेदारों और पड़ोसियों के बार-बार प्रयास के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। बाद में एक निजी अस्पताल के डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।”