बंगाल: CM शुभेंदु का पुलिस को आदेश, खुलेंगी हिंसा की फाइलें
बंगाल पुलिस को CM शुभेंदु का ‘फ्री हैंड’: 2021-23 की चुनावी हिंसा की फाइलें दोबारा खुलेंगी, ‘सिंडिकेट राज’ पर होगा कड़ा प्रहार”
कोलकाता: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
पश्चिम बंगाल की सत्ता संभालने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी पूरे एक्शन में हैं। सोमवार को राज्य सचिवालय ‘नबान्न’ (Nabanna) में राज्य के शीर्ष पुलिस अधिकारियों के साथ अपनी पहली उच्च स्तरीय बैठक में सीएम शुभेंदु ने पुलिस बल को स्पष्ट और कड़ा संदेश दे दिया है।
मुख्यमंत्री ने दो टूक शब्दों में कहा है कि बंगाल में अब पुलिस बिना किसी राजनीतिक दबाव के, सिर्फ ‘रूल बुक’ (कानून की किताब) के आधार पर स्वतंत्र और निर्भीक होकर काम करेगी।
इस बैठक में राज्य पुलिस के महानिदेशक (DGP), कोलकाता पुलिस आयुक्त (CP) और सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक (SP) मौजूद रहे।
खुलेंगी 2021 और 2023 की चुनावी हिंसा की बंद फाइलें
बैठक में मुख्यमंत्री ने सबसे बड़ा और ऐतिहासिक निर्देश देते हुए कहा कि 2021 के विधानसभा चुनाव और 2023 के पंचायत चुनाव के बाद हुई राजनीतिक हिंसा के जिन मामलों में पुलिस ने ‘फाइनल रिपोर्ट’ लगाकर फाइलें बंद कर दी थीं, उन्हें अब फिर से खोला जाएगा।
सीएम ने इन मामलों की नए सिरे से और निष्पक्ष जांच करने का सख्त आदेश दिया है। इसके साथ ही अवैध हथियारों की बरामदगी और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई को नई सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया है।
‘रूल बुक’ से चलेगा प्रशासन, किसी के दबाव में न आएं
पुलिस के मनोबल को बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आश्वस्त किया कि नए राज में किसी भी पुलिसकर्मी को ‘टारगेट’ नहीं किया जाएगा।
उन्होंने पुलिस अधिकारियों से कहा, “काम के सिलसिले में आप सत्ता पक्ष या विपक्ष, किसी से भी बात कर सकते हैं। अब किसी राजनीतिक दबाव में आकर ‘हां’ में ‘हां’ मिलाने की जरूरत नहीं है, क्योंकि अब यह जनता की सरकार है और कानून सबके लिए बराबर है।”
सिंडिकेट और पशु तस्करी पर ‘जीरो टॉलरेंस’
राज्य की आंतरिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर विशेष जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने ‘सिंडिकेट राज’ (Syndicate Raj) और अवैध मवेशी तस्करी (Cattle Smuggling) के खिलाफ कठोरतम कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने पुलिस को स्पष्ट किया कि दाग़ी और पेशेवर अपराधियों के खिलाफ ऐसी सख्त कार्रवाई की जाए, जिससे आम जनता के मन में सुरक्षा का भाव पैदा हो।
‘सख्त कदम उठाने से न हिचकिचाए पुलिस’
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बैठक के अंत में कहा कि प्रशासन के लिए जनता की समस्याओं का समाधान ही सर्वोपरि होना चाहिए।
उन्होंने पुलिस को ‘फ्री हैंड’ देते हुए निर्देश दिया कि राज्य में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जब भी जरूरत पड़े, पुलिस सख्त से सख्त कदम उठाने से बिल्कुल न हिचकिचाए।











