जनगणना 2027 का बिगुल बजा: सरकार ने जारी की पहले चरण की अधिसूचना, अब आपके घर आकर पूछे जाएंगे ये 33 सवाल; देखें पूरी लिस्ट
“भारत सरकार ने देश की अगली दशकीय जनगणना (Census 2027) की प्रक्रिया आधिकारिक तौर पर शुरू कर दी है”
नई दिल्ली | The Politics Again ब्यूरो दिनांक: 23 जनवरी, 2026 (शुक्रवार)
गृह मंत्रालय ने जनगणना 2027 के पहले चरण के लिए प्रश्नावली की अधिसूचना (Notification) जारी कर दी है।
Notification of questionnaire of Phase I of Census of India 2027 – Houselisting & Housing Census has been issued. The questionnaire for Phase II i.e. Population Enumeration will be notified in due course.
भारत की जनगणना 2027 के प्रथम चरण – मकानसूचीकरण और मकानों की गणना हेतु… pic.twitter.com/1BHbxmA8fN
— Census India 2027 (@CensusIndia2027) January 22, 2026
यह कवायद दो चरणों में पूरी होगी। अभी जिस पहले चरण की घोषणा हुई है, उसमें ‘मकानसूचीकरण और मकानों की गणना’ (House Listing and Housing Census) की जाएगी।
यानी, पहले चरण में नागरिकों की गिनती नहीं, बल्कि उनके मकानों, सुविधाओं और जीवन स्तर का डेटा जुटाया जाएगा। जनसंख्या गणना (Population Enumeration) का दूसरा चरण इसके बाद शुरू होगा।
रद्द हुआ 2020 का नोटिफिकेशन, अब नई शुरुआत
गृह मंत्रालय ने यह नोटिफिकेशन सेंसस एक्ट, 1948 के प्रावधानों के तहत जारी किया है। इसके साथ ही जनवरी 2020 में जारी किया गया पिछला नोटिफिकेशन रद्द कर दिया गया है।
गौरतलब है कि कोरोना महामारी के कारण 2021 की जनगणना टल गई थी, जिसे अब 2027 में कराने की तैयारी है।
आपके दरवाजे पर पूछे जाएंगे ये सवाल (प्रश्नावली की लिस्ट)
अधिसूचना के मुताबिक, जनगणना अधिकारी आपके घर आकर मकान की स्थिति, सुविधाओं और आपके पास मौजूद गैजेट्स से जुड़े सवाल पूछेंगे। सरकार ने उन सभी बिन्दुओं की लिस्ट जारी कर दी है, जिनका जवाब आपको देना होगा:
1. मकान और उसकी स्थिति:
- भवन नंबर (नगर/स्थानीय प्राधिकरण नंबर)
- जनगणना मकान नंबर
- मकान के फर्श, दीवार और छत में प्रयुक्त प्रमुख सामग्री (कच्चा/पक्का मकान जानने के लिए)
- मकान का उपयोग (आवासीय/व्यावसायिक)
- मकान की हालत
- मकान के स्वामित्व की स्थिति (अपना/किराये का)
- कमरों की संख्या
2. परिवार का ब्यौरा:
- परिवार क्रमांक
- परिवार में रहने वाले कुल व्यक्तियों की संख्या
- परिवार के मुखिया का नाम और लिंग
- क्या मुखिया SC/ST या अन्य श्रेणी से है?
- विवाहित दंपतियों की संख्या
3. घर की सुविधाएं (Amenities):
- पेयजल का मुख्य स्रोत और उपलब्धता (घर के अंदर/बाहर)
- प्रकाश (बिजली) का मुख्य स्रोत
- शौचालय की सुविधा और उसका प्रकार
- गंदे पानी की निकासी (नाली व्यवस्था)
- स्नानघर और रसोईघर की उपलब्धता
- एलपीजी/पीएनजी कनेक्शन और खाना पकाने का मुख्य ईंधन
4. गैजेट्स और वाहन (Digital & Physical Assets):
- रेडियो/ट्रांजिस्टर
- टेलीविजन
- इंटरनेट सुविधा
- लैपटॉप/कंप्यूटर
- टेलीफोन/मोबाइल फोन/स्मार्टफोन
- साइकिल/स्कूटर/मोटरसाइकिल/मोपेड
- कार/जीप/वैन
5. अन्य अहम जानकारी:
- परिवार द्वारा खाया जाने वाला मुख्य अनाज (Main Cereal)
- मोबाइल नंबर (सिर्फ जनगणना संबंधी सूचनाओं के लिए)
क्यों अहम है यह डेटा?
यह डेटा सरकार को यह समझने में मदद करेगा कि देश के कितने लोग कच्चे या पक्के मकानों में रहते हैं।
कितनों के पास इंटरनेट और गाड़ी है, और कितनों के पास शौचालय या पीने का पानी नहीं है। इसी आधार पर भविष्य की कल्याणकारी योजनाएं (Welfare Schemes) तैयार की जाएंगी।
The Politics Again का नज़रिया
लंबे इंतजार के बाद जनगणना की प्रक्रिया शुरू होना स्वागत योग्य है। बिना सटीक आंकड़ों के नीतियां बनाना अंधेरे में तीर चलाने जैसा है।
‘मुख्य अनाज’ और ‘इंटरनेट’ जैसे सवालों का जुड़ना यह बताता है कि सरकार बदलती जीवनशैली और डिजिटल इंडिया के प्रभाव को भी मापना चाहती है।











