Jaunpur Self Census Campaign

जौनपुर/करंजाकला : 7 मई से शुरू होगा डिजिटल स्वगणना अभियान

जौनपुर: जनसहभागिता से ही सफल होगा स्वगणना अभियान, 7 से 21 मई तक चलेगा विशेष जन-जागरूकता कार्यक्रम

जौनपुर/करंजाकला: द पॉलिटिक्स अगेन : वरुण यादव की रिपोर्ट

देश के विकास और सरकारी योजनाओं के सही क्रियान्वयन के लिए सटीक आंकड़े बेहद जरूरी हैं। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए आगामी 7 मई से 21 मई तक ‘स्वगणना अभियान’ (Self-Census Campaign) चलाया जा रहा है।

इस अभियान को सफल बनाने और इसमें आम जनमानस की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जौनपुर के करंजाकला विकासखंड में व्यापक स्तर पर जागरूकता बैठकें आयोजित की जा रही हैं।

इन गांवों के पंचायत भवनों पर हुई बैठक

रविवार को न्यायपंचायत कलीचाबाद के अंतर्गत आने वाले कोहड़ा सुल्तानपुर, परशुरामपुर, हाजीपुर उर्फ फरीदाबाद, खरौना, अभयचंदपट्टी, मुस्तफाबाद और हकारीपुर आदि गांवों के पंचायत भवनों पर एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया।

इस बैठक का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को स्वगणना की नई डिजिटल प्रक्रिया के बारे में जागरूक करना था।

डिजिटल माध्यम से घर बैठे कर सकेंगे अपनी गणना

बैठक को संबोधित करते हुए ग्राम विकास अधिकारी (VDO) अश्विनी सिंह और हरेंद्र प्रताप यादव ने ग्रामीणों को स्वगणना प्रक्रिया के डिजिटल माध्यमों और व्यावहारिक तरीकों की विस्तार से जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि जनगणना देश के विकास की आधारशिला है। इसी के आधार पर भविष्य में सरकार की योजनाएं बनती हैं, संसाधनों का सही आवंटन होता है और विकास कार्यों की रूपरेखा तय की जाती है।

आगामी 7 से 21 मई के बीच चलने वाले इस विशेष अभियान में कोई भी नागरिक स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपनी जनगणना का विवरण दर्ज कर सकेगा।

समय की बचत और आंकड़ों में आएगी शुद्धता

ग्राम विकास अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि इस नई स्वगणना प्रणाली से न केवल सरकारी संसाधनों और समय की भारी बचत होगी, बल्कि डिजिटल होने के कारण आंकड़ों की शुद्धता और विश्वसनीयता भी कई गुना बढ़ जाएगी।

अधिकारियों ने अपील की कि जनसहभागिता से ही इस अभियान की गति तेज होगी और आंकड़ों में किसी भी तरह की त्रुटि की संभावना न के बराबर रहेगी। इससे भविष्य की नीतियों के निर्माण में सटीकता आएगी।

बैठक में रही इनकी प्रमुख उपस्थिति

इस महत्वपूर्ण जन-जागरूकता बैठक में संबंधित गांवों के ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य (BDC) और गांव के कई संभ्रांत और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे, जिन्होंने इस डिजिटल अभियान में पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया।

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