Portrait of former Prime Minister Rajiv Gandhi with a tribute message from PM Narendra Modi on his birth anniversary

PM Modi ने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को जयंती पर दी श्रद्धांजलि

पीएम मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को उनकी जयंती पर दी श्रद्धांजलि, लोकतांत्रिक परंपरा का दिया संदेश”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : श्रीमती शिल्पा की रिपोर्ट

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने गुरुवार (20 अगस्त 2026) को देश के पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्री राजीव गांधी की जयंती के अवसर पर उन्हें नमन करते हुए अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की है।

राजनीतिक विचारधाराओं और मतभेदों से ऊपर उठकर देश के पूर्व नेतृत्व का सम्मान करने की भारत की समृद्ध लोकतांत्रिक परंपरा को निभाते हुए, पीएम मोदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से अपना संदेश देशवासियों के साथ साझा किया।

‘एक्स’ (X) पर साझा किया संदेश

प्रधानमंत्री मोदी ने माइक्रोब्लॉगिंग साइट ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक संक्षिप्त और सम्मानजनक पोस्ट करते हुए लिखा:

“भारत के पूर्व प्रधानमंत्री श्री राजीव गांधी को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि।”

 ‘सद्भावना दिवस’ और राजीव गांधी का योगदान

20 अगस्त का दिन भारतीय राजनीतिक इतिहास में एक विशेष महत्व रखता है। इस दिन देश के छठे प्रधानमंत्री राजीव गांधी का जन्म हुआ था।

देशभर में उनकी जयंती को ‘सद्भावना दिवस’ (Harmony Day) के रूप में मनाया जाता है, जिसका मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय एकता, शांति, और सभी धर्मों के लोगों के बीच भाईचारे और सद्भाव को बढ़ावा देना है।

राजीव गांधी को आधुनिक भारत के निर्माण में उनके कई दूरदर्शी फैसलों के लिए याद किया जाता है।

विशेष रूप से:

  • आईटी और संचार क्रांति: भारत में कंप्यूटर और दूरसंचार (Telecommunication) क्रांति की नींव रखने में उनकी अहम भूमिका मानी जाती है।
  • युवा भागीदारी: उन्होंने ही संविधान संशोधन के जरिए भारत में मतदान की आयु सीमा को 21 वर्ष से घटाकर 18 वर्ष किया था, जिससे युवाओं को लोकतांत्रिक प्रक्रिया में बड़ी हिस्सेदारी मिली।
  • पंचायती राज: स्थानीय स्वशासन (Panchayati Raj) को मजबूत कर सत्ता का विकेंद्रीकरण करने का ऐतिहासिक कदम भी उनके कार्यकाल की एक बड़ी उपलब्धि रही है।

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा दी गई यह श्रद्धांजलि न केवल एक औपचारिक सम्मान है, बल्कि यह दर्शाता है कि राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाले हर राजनेता का स्थान भारतीय लोकतंत्र में हमेशा सुरक्षित और सम्मानीय रहता है।