Jaunpur DM Samuel Paul N inspecting coaching centers and libraries for fire safety

जौनपुर: DM का कोचिंग सेंटर्स पर छापा, दृष्टि IAS को नोटिस

जौनपुर: DM का कोचिंग संस्थानों पर औचक छापा, सुरक्षा खामियों पर ‘दृष्टि IAS’ को नोटिस, जिले भर में चलेगा अभियान”

जौनपुर: द पॉलिटिक्स अगेन : वरुण यादव की रिपोर्ट 

उत्तर प्रदेश में कोचिंग संस्थानों में सुरक्षा मानकों को लेकर शासन की सख्ती के बाद जौनपुर जिला प्रशासन भी पूरी तरह से अलर्ट मोड में आ गया है।

जिलाधिकारी श्री सैमुअल पॉल एन. ने शहर में संचालित विभिन्न कोचिंग सेंटर्स और लाइब्रेरी का औचक निरीक्षण किया।

‘The Politics Again’ की रिपोर्ट के अनुसार, इस दौरान अधिकारियों ने विद्यार्थियों की सुरक्षा, एंट्री-एग्जिट व्यवस्था, और अग्नि सुरक्षा (Fire Safety) का बेहद बारीकी से परीक्षण किया।

‘दृष्टि आईएएस’ में मिलीं गंभीर खामियां, जारी होगा नोटिस

निरीक्षण के दौरान सबसे बड़ी लापरवाही ‘दृष्टि आईएएस इंस्टीट्यूट’ (Drishti IAS Institute) में देखने को मिली।

जिलाधिकारी ने पाया कि संस्थान में इलेक्ट्रिकल वायरिंग, कंट्रोल प्वाइंट और फायर अलार्म जैसी मूलभूत सुरक्षा व्यवस्थाओं में कई खामियां हैं।

सबसे चिंताजनक बात यह रही कि संस्थान का प्रवेश मार्ग बेसमेंट से होकर तीसरी मंजिल तक जाता है, जो किसी भी आपात स्थिति में छात्रों को सुरक्षित बाहर निकालने में बड़ी बाधा बन सकता है।

इस पर गंभीर चिंता जताते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल संस्थान को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।

“वर्तमान में छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं, इसलिए उनकी पढ़ाई बाधित नहीं की जा रही है। लेकिन संस्थान से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा कि किस आधार पर और किन सुरक्षा मानकों के तहत इसका संचालन हो रहा है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।” – सैमुअल पॉल एन., जिलाधिकारी

‘सक्सेस पाठशाला’ की व्यवस्था पास, ‘भारत लाइब्रेरी’ को चेतावनी

  • सक्सेस पाठशाला: निरीक्षण में ‘सक्सेस पाठशाला’ की व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं। वहां दो निकास द्वार, आपातकालीन मार्ग और फायर सुरक्षा उपकरण मौजूद थे। फायर फाइटिंग सिस्टम का मॉक परीक्षण भी सफल रहा।

  • भारत लाइब्रेरी: यहां कुछ कमियां मिलने पर संचालकों को तुरंत सुधारात्मक कदम उठाने के सख्त निर्देश दिए गए।

जिलाधिकारी ने सभी संस्थानों को हिदायत दी है कि फायर एक्सटिंग्विशरों का समय पर नवीनीकरण कराएं और विशेष रूप से CO2 (कार्बन डाइऑक्साइड) आधारित अग्निशामक यंत्र पर्याप्त मात्रा में रखें, जो शॉर्ट सर्किट जैसी घटनाओं में बेहद कारगर होते हैं।

तहसीलों में भी चला अभियान, अवैध संस्थानों पर गिरेगी गाज

जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जिले में पंजीकृत कोचिंग संस्थानों की संख्या सीमित है, जबकि अवैध रूप से कई संस्थान संचालित हो रहे हैं।

उन्होंने सभी उप जिलाधिकारियों (SDM) और तहसीलदारों को निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण करें।

बिना अनुमति और सुरक्षा मानकों के चल रहे सेंटर्स पर तत्काल कार्रवाई की जाए।इस निर्देश के क्रम में जिले की अन्य तहसीलों में भी छापेमारी शुरू हो गई है।

उप जिलाधिकारी शाहगंज कुणाल गौरव और तहसील बदलापुर में रानी गरिमा जायसवाल ने पुलिस और अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीमों के साथ बेसमेंट और संकुचित स्थानों पर चल रही लाइब्रेरी व कोचिंग संस्थानों का सघन निरीक्षण किया।

प्रशासन का स्पष्ट संदेश है कि छात्रों के जीवन से खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा।