भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था का बन रहा मुख्य विकास इंजन – PM मोदी
“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली में एक कार्यक्रम के दौरान पिछली सरकारों की आलोचना करते हुए देश के तेजी से विकास, सुधारों और ‘विकसित भारत’ के विजन पर अपना नजरिया पेश किया”
नई दिल्ली 07 / 12 / 2025 संतोष सेठ की रिपोर्ट
पीएम मोदी ने पिछली सरकारों पर एक बार फिर धावा बोला है। उन्होंने कहा कि गुजरे जमाने में जब देश संकट में था तो ‘हिंदू रेट ऑफ ग्रोथ’ कहकर मजाक उड़ाया जाता है। आज जब देश तेजी से आगे बढ़ रहा है, तो इस शब्द का इस्तेमाल क्यों नहीं होता।
पीएम मोदी ने सुधारों, आत्मनिर्भरता और ‘विकसित भारत’ के विजन पर एक बार फिर अपना नजरिया पेश किया है। दिल्ली में शनिवार को आयोजित एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने कहा कि जब दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाएं धीमी रफ्तार से आगे बढ़ रही हैं, तब भारत तेज़ी से विकास की नई कहानी लिख रहा है।
कभी 2.3 प्रतिशत की कमजोर विकास दर के लिए पहचाना जाने वाला भारत आज दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। देश की बढ़ती ताकत की बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज भारत को दुनिया ‘ग्लोबल ग्रोथ इंजन’ और ‘ग्लोबल पावरहाउस’ कह रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज हर सेक्टर में सुधार दिख रहा है। पीएम मोदी ने भारत के स्पेस सेक्टर में हुए बदलावों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पहले यह क्षेत्र पूरी तरह सरकार के नियंत्रण में था, लेकिन अब निजी कंपनियों के लिए इसे खोल दिया गया है।
उन्होंने हाल ही में हैदराबाद में स्पेस सेक्टर की प्राइवेट कंपनी स्काईरूट के ‘इन्फिनिटी कैंपस’ का उद्घाटन करने का भी उल्लेख किया। पीएम मोदी ने कहा कि लंबे समय तक भारत गुलामी की मानसिकता से ग्रस्त रहा। इसकी वजह से देश का आत्मविश्वास कमजोर हुआ। विकसित भारत के रास्ते की यह सबसे बड़ी बाधा है, जिसे हमें छोडऩा होगा।
यहाँ पीएम मोदी के संबोधन के मुख्य बिंदु दिए गए हैं:
1. पिछली सरकारों पर निशाना: ‘हिंदू रेट ऑफ ग्रोथ’ का तंज
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आलोचना: पीएम मोदी ने पिछली सरकारों पर हमला करते हुए कहा कि गुजरे जमाने में जब देश संकट में था, तो देश की धीमी विकास दर का मजाक उड़ाया जाता था और इसे ‘हिंदू रेट ऑफ ग्रोथ’ कहकर संबोधित किया जाता था।
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सवाल: उन्होंने सवाल किया कि आज जब भारत दुनिया में सबसे तेजी से आगे बढ़ रहा है, तो इस शब्द का इस्तेमाल क्यों नहीं किया जा रहा है।
2. भारत अब ‘ग्लोबल ग्रोथ इंजन’
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विकास दर में बदलाव: पीएम मोदी ने कहा कि कभी भारत को 2.3 प्रतिशत की कमजोर विकास दर के लिए पहचाना जाता था।
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वैश्विक पहचान: आज, जब दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाएं धीमी गति से बढ़ रही हैं, तब भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। अब दुनिया भारत को ‘ग्लोबल ग्रोथ इंजन’ और ‘ग्लोबल पावरहाउस’ कह रही है।
3. जीडीपी के आंकड़े देश की नई ताकत
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Q2 GDP: उन्होंने हाल ही में जारी दूसरी तिमाही के जीडीपी आंकड़ों का जिक्र किया, जिसमें 8% की वृद्धि दर्ज की गई है।
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संदेश: पीएम मोदी ने कहा कि ये आंकड़े केवल संख्याएं नहीं हैं, बल्कि यह दुनिया को संदेश देने वाले संकेत हैं कि भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था का एक मजबूत इंजन बन चुका है।
4. हर सेक्टर में सुधार और आत्मनिर्भरता
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सुधार: प्रधानमंत्री ने जोर दिया कि आज देश के हर सेक्टर में सुधार दिख रहा है।
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स्पेस सेक्टर: उन्होंने विशेष रूप से स्पेस सेक्टर में हुए बदलावों का उल्लेख किया, जिसे पहले सरकार नियंत्रित करती थी, लेकिन अब निजी कंपनियों के लिए खोल दिया गया है। (उन्होंने हैदराबाद में स्काईरूट के ‘इन्फिनिटी कैंपस’ के उद्घाटन का भी जिक्र किया)।
5. विकसित भारत के रास्ते की बाधा: गुलामी की मानसिकता
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सबसे बड़ी बाधा: पीएम मोदी ने कहा कि लंबे समय तक भारत गुलामी की मानसिकता से ग्रस्त रहा, जिससे देश का आत्मविश्वास कमजोर हुआ।
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समाधान: उन्होंने कहा कि विकसित भारत के रास्ते की यह सबसे बड़ी बाधा है, जिसे देशवासियों को छोड़ना होगा।
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भविष्य की दिशा: उन्होंने निष्कर्ष निकाला कि आज का भारत सिर्फ खुद को नहीं बदल रहा है, बल्कि भविष्य को भी आकार दे रहा है।











