DM का सख्त आदेश: पेट्रोल-गैस की कालाबाजारी पर FIR, जिले में ईंधन की कमी नहीं | The Politics Again
‘जिले में ईधन की कोई कमी नहीं’: गैस-पेट्रोल की कालाबाजारी पर होगी FIR, DM डॉ. दिनेश चंद्र की सख्त चेतावनी “
जौनपुर (The Politics Again): वरुण यादव की रिपोर्ट
वैश्विक परिदृश्य और युद्ध की वजह से गैस-ईंधन संकट की उड़ रही अफवाहों के बीच जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है।
जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र ने स्पष्ट किया है कि जनपद में डीजल, पेट्रोल और घरेलू गैस (LPG) की कोई कमी नहीं है।
उन्होंने मुनाफाखोरों और जमाखोरों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि घटतौली या अवैध भंडारण करने वालों को सीधा जेल भेजा जाएगा।
263 पेट्रोल पम्प और 92 गैस एजेंसियों के साथ बड़ी बैठक
ईंधन आपूर्ति की स्थिति साफ करने के लिए जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में एक बड़ी संयुक्त बैठक बुलाई गई।
इस बैठक में जनपद के 263 डीजल/पेट्रोल पम्प धारक, 92 गैस एजेंसी संचालक, ऑयल कंपनियों के बिक्री अधिकारी, अडानी ग्रुप (CNG) के अधिकारी और खाद्य एवं रसद विभाग के पूर्ति निरीक्षक मौजूद रहे।
DM के सख्त निर्देश: आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी ने सभी पेट्रोल पम्प और गैस एजेंसी संचालकों को दो टूक शब्दों में निर्देशित किया:
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किसी भी स्थिति में डीजल, पेट्रोल या गैस सिलेंडरों में घटतौली या मुनाफाखोरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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अवैध भंडारण (Hoarding) पाए जाने पर ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 की धारा 3/7’ के तहत कठोर कानूनी (विधिक) कार्रवाई की जाएगी।
जनता से अपील: ‘अफवाहों पर ध्यान न दें, घरों में न जमा करें गैस’
प्रशासन ने आम जनता को आश्वस्त किया है कि सभी 263 पंपों और 92 गैस एजेंसियों पर पर्याप्त ईंधन उपलब्ध है।
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होम डिलीवरी के माध्यम से नियत समय पर ही गैस सिलेंडर पहुंचाए जा रहे हैं।
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उपभोक्ता किसी भी प्रकार की घबराहट (Panic) में आकर डीजल, पेट्रोल या गैस का अनावश्यक संग्रहण न करें।
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प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल शासन/प्रशासन द्वारा जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें और सोशल मीडिया की अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान न दें।
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नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए पुलिस बल को भी कड़े निर्देश दे दिए गए हैं।











