जंतर-मंतर पर सोनम वांगचुक के धरने के दौरान पुलिस की तैनाती

दिल्ली पुलिस का ‘सीक्रेट ऑपरेशन’: 30 सेकेंड में हटा सोनम वांगचुक का धरना

दिल्ली पुलिस का ‘ऑपरेशन जंतर-मंतर’: सिर्फ 30 सेकेंड में हटाया सोनम वांगचुक का धरना, नए कमिश्नर की थी गुप्त रणनीति”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : श्रीमती शिल्पा की रिपोर्ट 

दिल्ली पुलिस ने एक बेहद गोपनीय और सटीक ऑपरेशन को अंजाम देते हुए जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को वहां से हटा दिया है।

यह कार्रवाई दिल्ली पुलिस के नए कमिश्नर अनुराग कुमार के कार्यभार संभालने के महज छह घंटे के भीतर की गई।

पुलिस का यह मिशन इतना गोपनीय था कि मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों को भी आखिरी समय तक इसकी भनक नहीं लगने दी गई थी।

ऑपरेशन ‘गोपनीय’: सुरक्षा अभ्यास के नाम पर बुलाई गई पुलिस

मिली जानकारी के अनुसार, इस ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए बेहद सतर्कता बरती गई।

  • ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को बताया गया था कि उन्हें एक ‘सुरक्षा अभ्यास’ (Security Drill) के लिए बुलाया गया है।

  • शुक्रवार शाम नए कमिश्नर अनुराग कुमार ने उन अधिकारियों के साथ बैठक की, जिन्हें जंतर-मंतर पर प्रदर्शनों को संभालने का लंबा अनुभव है।

  • शाम 6 बजकर 34 मिनट पर एक वायरलेस मैसेज (TPM) जारी हुआ, जिसके जरिए 21 डीसीपी (DCP) और एडिशनल डीसीपी के साथ-साथ 8 संयुक्त पुलिस आयुक्तों की तैनाती के आदेश दिए गए।

30 सेकेंड में हटाया गया मंच

पुलिस ने इस पूरी कार्रवाई के लिए केवल ’30 सेकेंड’ का समय तय किया था।

  • शनिवार सुबह जब भारी पुलिस बल जंतर-मंतर पहुंचा, तो पहले मंच को सफेद पर्दों से ढक दिया गया।

  • इसके तुरंत बाद, इलाके में ‘फोन जैमर’ (Phone Jammers) सक्रिय कर दिए गए ताकि कोई भी लाइव स्ट्रीमिंग न कर सके।

  • महज कुछ ही सेकेंडों में सोनम वांगचुक को वहां से हटाकर अस्पताल ले जाया गया। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देशों और वांगचुक की बिगड़ती सेहत को देखते हुए डॉक्टरों की सलाह पर की गई है।

भविष्य की रणनीति और सुरक्षा

सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाने के बाद जंतर-मंतर और आसपास के पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा ने बताया कि डॉक्टरों की सलाह पर यह कदम उठाया गया है क्योंकि लंबे उपवास से वांगचुक काफी कमजोर हो गए थे।

पुलिस का यह विशेष सुरक्षा प्रबंध 20 जुलाई तक प्रभावी रहेगा, क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने उस दिन संसद घेराव का कार्यक्रम घोषित कर रखा है।

पुलिस अब इस पूरे इलाके में लोगों की गतिविधियों पर पैनी नजर रख रही है ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे।