श्रीलंका में चक्रवात ‘दित्वा’ का कहर, 150 से अधिक लोगों की मौत
“चक्रवाती तूफान दित्वा के चलते श्रीलंका में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आई हैं। चक्रवाती तूफान के चलते 150 से अधिक की मौत हुई है। 191 लोग लापता बताए जा रहे हैं”
नई दिल्ली 30 / 11 / 2025 मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार
श्रीलंका में भीषण चक्रवात ‘दित्वा’ से मची तबाही के बाद शनिवार को हालात सामान्य करने की कोशिशें जारी रहीं। राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके ने पूरे देश में आपातकाल की घोषणा कर दी है।
चक्रवात के कारण मरने वालों की संख्या 150 से अधिक हो गई है। देश के विभिन्न प्रांतों से भूस्खलन में लोगों के दबने और अचानक आई बाढ़ में बह जाने की दर्दनाक घटनाएं सामने आ रही हैं।
इसी बीच भारत ने ‘ऑपरेशन सागर बंधु’ के तहत दो सैन्य विमानों से करीब 21 टन राहत सामग्री श्रीलंका भेजी। इससे एक दिन पहले छह टन से अधिक आवश्यक सामग्री की पहली खेप पहुंचाई गई थी।
चक्रवात के श्रीलंका से दूर जाने के साथ जलस्तर घट रहा है, लेकिन अधिकारियों ने चेतावनी दी कि इसके अप्रत्यक्ष प्रभाव अभी जारी रहेंगे।
191 लोग अभी भी हैं लापता
आपदा प्रबंधन केंद्र (DMC) की रिपोर्ट के अनुसार, खराब मौसम से मरने वालों की संख्या बढ़कर 153 हो गई है। डीएमसी ने बताया कि 191 लोग लापता हैं और कई जिलों में तलाशी और राहत अभियान जारी है। कुल 25 जिलों में 2,17,263 परिवारों के 7,74,724 लोग इस आपदा से प्रभावित हुए हैं।
पूरे देश में लगाया गया आपातकाल
कई क्षेत्रों में बाढ़, भूस्खलन और भारी बारिश के कारण हालात अभी भी कठिन बने हुए हैं। डीएमसी के अनुसार देशभर में 798 राहत शिविरों में 27,494 परिवारों के 1,00,898 लोग फिलहाल आश्रय लिए हुए हैं। शुक्रवार रात जारी आधिकारिक सूचना के अनुसार, पूरे देश में आपातकाल लागू कर दिया गया है।











