विश्व वृद्धजन दुर्व्यवहार जागरूकता दिवस पर CM योगी ने लिखी भावुक चिट्ठी
📝”घर सूने हो रहे, वृद्धाश्रम बढ़ रहे हैं…” CM योगी ने प्रदेशवासियों को लिखी भावुक चिट्ठी; बुजुर्गों और महिलाओं के लिए ₹1500 पेंशन का ऐलान “
लखनऊ: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
‘विश्व वृद्धजन दुर्व्यवहार जागरूकता दिवस’ (World Elder Abuse Awareness Day) के अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों के नाम एक बेहद भावुक और संदेशपरक चिट्ठी लिखी है।
इस पत्र में उन्होंने परिवारों में अलग-थलग पड़ते बुजुर्गों की व्यथा का गहराई से जिक्र किया है और नई पीढ़ी को सनातन संस्कृति में माता-पिता के सर्वोच्च स्थान की याद दिलाई है।
‘The Politics Again’ की इस विशेष रिपोर्ट में आइए जानते हैं सीएम योगी की इस अहम चिट्ठी की प्रमुख बातें और बुजुर्गों व निराश्रित महिलाओं के लिए सरकार के बड़े फैसले:
💔 अपनों के तिरस्कार का दर्द: ‘अमृतकाल’ में अपनत्व की जरूरत
मुख्यमंत्री ने अपनी चिट्ठी की शुरुआत समाज की उस कड़वी सच्चाई से की है, जहां अपने ही बुजुर्गों को बोझ समझने लगे हैं।
“मेरे सम्मानित प्रदेशवासियो, आज घर सूने हो रहे हैं और वृद्धाश्रम बढ़ रहे हैं। यह तथ्य मन को व्यथित करता है।
बाल-बच्चों का उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित करने के लिए सर्वस्व अर्पित करने वाले उम्र के चौथे पड़ाव पर अकेले पड़ जाते हैं।
आज की जीवनशैली में युवा घर से दूर काम करते हैं और इच्छा होने पर भी वृद्ध माता-पिता की सेवा के लिए घर में कोई नहीं होता।”
उन्होंने चिंता जताते हुए लिखा कि दुर्भाग्य से समाज ऐसे समय का साक्षी बन रहा है जब अपनों का दुर्व्यवहार भी बुजुर्गों को सहना पड़ता है।
स्थिति यह है कि देश के सर्वोच्च न्यायालय तक को अपने आदेशों में पारिवारिक दायित्वों का स्मरण कराना पड़ रहा है।
💰 बुजुर्गों और निराश्रित महिलाओं को ₹1500 मासिक पेंशन
बुजुर्गों की पीड़ा को समझते हुए राज्य सरकार ने उनके सम्मान और आत्मनिर्भरता के लिए एक बड़ा कदम उठाया है:
-
मासिक पेंशन: वृद्धजनों और निराश्रित महिलाओं का सम्मानपूर्ण जीवन सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश सरकार ने 1,500 रुपये प्रति माह पेंशन देने का निर्णय लिया है।
-
मुफ्त इलाज: निराश्रित महिलाओं को ‘आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना’ और ‘मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना’ से जोड़ा जाएगा, ताकि उनके स्वास्थ्य की उचित देखभाल हो सके।
-
आवास सुविधा: इन महिलाओं को ‘प्रधानमंत्री आवास योजना’ और ‘मुख्यमंत्री आवास योजना’ का भी लाभ दिया जाएगा।
🕉️ सनातन संस्कृति में माता-पिता ही हैं ‘ईश्वर’
सीएम योगी ने नई पीढ़ी को संस्कार और संस्कृति का पाठ पढ़ाते हुए भगवान गणेश और श्रीराम के उदाहरण दिए।
-
भगवान गणेश: शिव-पार्वती ने जब समस्त जगत की परिक्रमा की चुनौती रखी, तो भगवान गणेश ने माता-पिता की ही परिक्रमा कर ली।
-
क्योंकि माता-पिता के चरणों में ही समस्त लोकों का वास है। इसी दृष्टिकोण ने उन्हें ‘प्रथम पूज्य’ बनाया।
-
मर्यादा पुरुषोत्तम राम और श्रवण कुमार: उन्होंने माता-पिता का मान रखने के लिए 14 वर्ष का वनवास स्वीकार करने वाले भगवान राम और श्रवण कुमार की कथा का स्मरण कराते हुए कहा कि सनातन में बड़ों का चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लेने की परंपरा है। वृद्धजनों का सम्मान हमारी गौरवशाली सभ्यता की पहचान है।
🧘♂️ अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: ‘स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग’
पत्र के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी वृद्धजनों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने परिवार, समाज और देश के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ दिया है।
आगामी 21 जून को मनाए जाने वाले ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि संयोग से इस वर्ष की थीम भी ‘स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग’ है।
सीएम ने सभी बुजुर्गों से शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के लिए योग को अपनी दिनचर्या में अपनाने की अपील की है।
नोट: उत्तर प्रदेश सरकार की कल्याणकारी योजनाओं, सीएम योगी के फैसलों और सामाजिक सरोकार से जुड़ी हर विस्तृत खबर के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल ‘द पॉलिटिक्स अगेन’ (The Politics Again) पर।











