उत्तराखंड : उत्तरकाशी के बड़कोट में फटा बादल, बहे 17 मजदूर
“उत्तराखंड के उत्तरकाशी के बड़कोट में शनिवार की देर रात बादल फटने की बड़ी घटना सामने आई है, जिसमें 17 मजदूर बह गए हैं। बादल फटने से कई जगहों पर सैलाब आने की जानकारी भी मिल रही है”
उत्तरकाशी 29 / 06 / 2025 संतोष सेठ की रिपोर्ट
उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद के बड़कोट क्षेत्र में देर रात बादल फटने की बड़ी घटना सामने आई है। जानकारी के अनुसार, यह हादसा करीब रात 1 बजे हुआ जब 17 मजदूर एक निर्माण स्थल पर काम कर रहे थे। अचानक बादल फटने की घटना से मौके पर मौजूद पानी की तेज धार में 17 मजदूर बह गए।
फिलहाल मौके पर SDRF और पुलिस टीम तुरंत पहुंची और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। क्षेत्र में तेज बारिश और मलबा आने से हालात गंभीर बने हुए हैं। रेस्क्यू टीम द्वारा मलबे में दबे मजदूरों की तलाश जारी है।
स्थानीय प्रशासन, फायर ब्रिगेड और चिकित्सा दल भी मौके पर तैनात हैं, घटनास्थल के पास का क्षेत्र खाली कराया गया है। देर रात बड़कोट तहसील के यमुनोत्री क्षेत्र में भी भारी बारिश व अतिवृष्टि से नुकसान हुआ है। प्राथमिक सूचना के अनुसार यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर देर रात्रि को बादल फटने की घटना हुई है जिसके कारण आसपास कई लोग फंसे हुए है।
सूचना के अनुसार नदी नालों का जलस्तर बढ़ा। कई जगह भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। कुछ स्थानों पर यमुनोत्री राजमार्ग अवरुद्ध हो गया है। पुलिस, एन डी आर एफ और SDRF मौके के लिए रवाना। स्यानचट्टी के पास नाले में मलवा आने से यमुना नदी का बहाव रुक गया है जिससे स्यानाचट्टी के निचले इलाके में बने होटलों को खतरा पैदा हो गया है।
जिला आपदा प्रबंधन केंद्र के अनुसार तहसील बड़कोट के स्थान सिलाई वैण्ड के पास अतिवृष्टि/बादल फटने की सूचना है उक्त स्थान हेतु एसडीआरएफ, पुलिस तथा राजस्व विभाग की टीम मौके पर पर है 8 से 9 मजदूर लापता बताये गये है।
सर्च अभियान जारी है तथा यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सिलाई बैण्ड के के पास दो-तीन स्थानों पर अवरुद्ध भी है जिसके संबंध में NH बडकोट को अवगत करा दिया गया है। इससे पहले बारिश और भूस्खलन की घटनाओं को देखते हुए जिला प्रशासन ने रात्रि में वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी थी। यह रोक रात नौ बजे से सुबह पांच बजे तक रहेगी।











