वेनेजुएला संकट: सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर डेल्सी रोड्रिग्ज बनीं नई राष्ट्रपति

“वेनेजुएला में शनिवार तड़के अमेरिकी विशेष बलों द्वारा राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हिरासत में लिए जाने के बाद देश एक बड़े संवैधानिक संकट में फंस गया था”

काराकस/वॉशिंगटन 04 / 01 / 2026 संतोष सेठ की रिपोर्ट 

इस अस्थिरता को रोकने के लिए वेनेजुएला के सुप्रीम कोर्ट (TSJ) ने आपातकालीन सत्र बुलाकर उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज को देश का नया अंतरिम राष्ट्रपति नियुक्त कर दिया है।

सुप्रीम कोर्ट का फैसला और संवैधानिक अनिवार्यता

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि राष्ट्रपति मादुरो को “विदेशी सेना द्वारा अवैध रूप से बंधक” बनाए जाने के कारण वे अपने कर्तव्यों का पालन करने में असमर्थ हैं। देश में अराजकता और गृहयुद्ध जैसे हालात को टालने के लिए उपराष्ट्रपति को तुरंत कार्यभार संभालना होगा।

  • अस्थिरता को रोकने का प्रयास: अमेरिका ने पहले ही संकेत दिया था कि वह वेनेजुएला के शासन को नियंत्रित करेगा। ऐसे में सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला अमेरिकी हस्तक्षेप को चुनौती देने वाला माना जा रहा है।

कौन हैं डेल्सी रोड्रिग्ज? (वेनेजुएला की ‘शेरनी’)

18 मई 1969 को काराकस में जन्मीं डेल्सी रोड्रिग्ज को मादुरो प्रशासन का सबसे मजबूत स्तंभ माना जाता है।

  • क्रांतिकारी विरासत: उनके पिता, जॉर्ज एंटोनियो रोड्रिग्ज, एक वामपंथी गुरिल्ला नेता थे, जिनकी हत्या 1970 के दशक में राजनीतिक हिरासत के दौरान हुई थी। इसी विरासत ने डेल्सी को एक कट्टर साम्राज्य-विरोधी नेता बनाया।

  • शेरनी का खिताब: खुद निकोलस मादुरो ने उन्हें उनकी आक्रामकता और कूटनीतिक कौशल के लिए ‘शेरनी’ कहकर संबोधित किया था।

  • अनुभव: वह विदेश मंत्री, संचार मंत्री और 2018 से देश की उपराष्ट्रपति के रूप में कार्य कर रही थीं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर हमेशा अमेरिका के खिलाफ वेनेजुएला का पक्ष मजबूती से रखा है।

चुनौतियों का पहाड़ और वैश्विक समीकरण

अंतरिम राष्ट्रपति बनते ही डेल्सी के सामने दुनिया की सबसे कठिन परिस्थितियां हैं:

  • सेना का समर्थन: उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि वेनेजुएला की सेना उनके प्रति वफादार रहे और अमेरिकी समर्थित किसी भी तख्तापलट को विफल करे।

  • मित्र देशों का साथ: रूस, चीन और उत्तर कोरिया पहले ही इस कार्रवाई की निंदा कर चुके हैं। किम जोंग उन की ‘विश्व युद्ध’ वाली धमकी के बीच डेल्सी को इन देशों से सैन्य और कूटनीतिक मदद हासिल करनी होगी।

  • मादुरो की रिहाई: उनका सबसे पहला और बड़ा मिशन अपने नेता और दोस्त निकोलस मादुरो को अमेरिकी चंगुल से छुड़ाना होगा।

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