जौनपुर: खड़ंजा विवाद में मारपीट

जौनपुर: खड़ंजा विवाद में मारपीट, 4 पर SC/ST एक्ट

बक्शा के उटरूकला में सरकारी खड़ंजा निर्माण को लेकर भारी बवाल… मारपीट और जातिसूचक गालियां देने के आरोप में 4 नामजद आरोपियों पर FIR… SC/ST एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज… CO सदर ने भारी पुलिस बल के साथ किया मौका मुआयना… पढ़ें ‘The Politics Again’ की पूरी रिपोर्ट…


जौनपुर: उटरूकला गांव में खड़ंजा निर्माण पर बवाल; मारपीट और जातिसूचक गालियां देने पर 4 के खिलाफ SC/ST एक्ट में FIR दर्ज

जौनपुर | क्राइम डेस्क, वरुण यादव की रिपोर्ट The Politics Again

जौनपुर जिले के बक्शा थाना क्षेत्र के उटरूकला गांव में सरकारी खड़ंजा (ईंट का मार्ग) निर्माण को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया।

विवाद इतना बढ़ गया कि नौबत मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी तक पहुंच गई। इस मामले में पुलिस ने त्वरित और बड़ी कार्रवाई करते हुए पीड़ित की तहरीर पर चार नामजद आरोपियों के खिलाफ SC/ST एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।

क्या है पूरा मामला?

उटरूकला गांव के निवासी रामचन्दर गौतम (पुत्र स्व. सहदेव गौतम) ने रविवार, 22 मार्च 2026 की सुबह बक्शा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई।

पीड़ित ने आरोप लगाया कि गांव में चल रहे सरकारी खड़ंजा निर्माण कार्य के दौरान गांव के ही रमाशंकर यादव, शिवशंकर यादव (दोनों पुत्र महादेव यादव), विजय बहादुर (पुत्र रामअधार) और अंकुश यादव उर्फ कल्लू (पुत्र ईशनारायण) एक राय होकर निर्माण स्थल पर आ धमके।

शिकायत के अनुसार, जब रामचन्दर ने आरोपियों को गाली-गलौज करने से रोका, तो उन्होंने कथित तौर पर जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए उनके साथ बुरी तरह मारपीट की और जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गए।

इन धाराओं में दर्ज हुई FIR

बक्शा थानाध्यक्ष विक्रम लक्ष्मण सिंह ने बताया कि पीड़ित रामचन्दर गौतम की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए चारों आरोपियों (रमाशंकर, शिवशंकर, विजय बहादुर और अंकुश उर्फ कल्लू) के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 130/2026 के तहत धारा 115(2), 352, 351(3) और 3(2)(va) SC/ST एक्ट के तहत एफआईआर (FIR) पंजीकृत कर ली गई है।

पुलिस ने पीड़ित का मेडिकल परीक्षण भी करा दिया है और आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

CO सदर ने किया घटनास्थल का मुआयना

गांव में विवाद और मारपीट की सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी (CO) सदर देवेश कुमार सिंह और थानाध्यक्ष विक्रम लक्ष्मण सिंह भारी पुलिस बल के साथ तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे।

अधिकारियों ने मौके का बारीकी से निरीक्षण कर जरूरी साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस की मुस्तैदी के चलते वर्तमान में गांव में पूरी तरह से शांति व्यवस्था कायम है और स्थिति नियंत्रण में है।