Punjab Local Body Election Results

पंजाब निकाय चुनाव परिणाम: AAP की बंपर बढ़त, कांग्रेस-अकाली दल पिछड़े

पंजाब निकाय चुनाव परिणाम 2026 : वोटों की गिनती जारी, शुरुआती रुझानों में ‘AAP’ की बंपर बढ़त, कांग्रेस और अकाली दल पीछे”

चंडीगढ़: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

पंजाब में आगामी विधानसभा चुनावों (Punjab Assembly Election) के सेमीफाइनल के रूप में देखे जा रहे 104 स्थानीय नगर निकायों (Local Body Elections) के नतीजों की घोषणा आज (शुक्रवार) हो रही है।

सुबह 8 बजे से शुरू हुई मतगणना (Counting) के शुरुआती रुझानों और नतीजों में सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) ने बड़ी बढ़त बना ली है, जबकि कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल (SAD) और बीजेपी कड़ी टक्कर देने की कोशिश में जुटे हैं।

राज्य के 8 नगर निगमों, 75 नगर परिषदों और 20 नगर पंचायतों के प्रतिनिधियों को चुनने के लिए हुए इस चुनाव में पंजाब के मतदाताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और कुल 64 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।

सीटों की स्थिति: अब तक का सबसे ताजा परिणाम

पंजाब निकाय चुनाव के अब तक घोषित हुए परिणामों में आम आदमी पार्टी (AAP) ने प्रतिद्वंद्वी दलों को पछाड़ते हुए शानदार प्रदर्शन किया है:

राजनीतिक दल

जीती गई सीटें

आम आदमी पार्टी (AAP)

203

कांग्रेस (Congress)

77

निर्दलीय (Independents)

73

शिरोमणि अकाली दल (SAD)

66

भारतीय जनता पार्टी (BJP)

11

बहुजन समाज पार्टी (BSP)

01

 

इन 8 बड़े नगर निगमों पर टिकी हैं सबकी नजरें

पंजाब के इस स्थानीय चुनाव में मोहाली, बठिंडा, अबोहर, बरनाला, कपूरथला, मोगा, बटाला और पठानकोट के 8 प्रमुख नगर निगम शामिल हैं।

इन बड़े शहरों के सियासी दंगल को जीतने के लिए सभी राजनीतिक पार्टियों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी।

हालांकि मतदान के दौरान कुछ जगहों पर समर्थकों के बीच छिटपुट झड़पें देखने को मिली थीं, लेकिन राज्य चुनाव आयोग के अनुसार पूरी मतदान प्रक्रिया काफी हद तक शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम : 115 केंद्रों पर त्रिस्तरीय सुरक्षा

पंजाब चुनाव आयोग ने निष्पक्ष और पारदर्शी मतगणना सुनिश्चित करने के लिए राज्य भर में 115 काउंटिंग सेंटर स्थापित किए हैं।

  • सीसीटीवी और पुलिस का पहरा: सभी स्ट्रॉन्ग रूम और मतगणना केंद्रों की तीसरी आंख (CCTV) से कड़ी निगरानी की जा रही है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।

  • सुरक्षा घेरा: मतगणना केंद्रों के 100 मीटर के दायरे को पूरी तरह सील कर दिया गया है। केंद्र के भीतर केवल वैध पास धारक उम्मीदवारों, उनके चुनाव एजेंटों और मतगणना एजेंटों को ही प्रवेश की अनुमति दी गई है।

  • टेबलों की व्यवस्था: हर काउंटिंग सेंटर पर 10 से 14 टेबल लगाए गए हैं, जहां प्रत्येक टेबल पर 1 काउंटिंग सुपरवाइजर और 2 काउंटिंग असिस्टेंट मुस्तैदी से वोटों की गिनती कर रहे हैं।

जैसे-जैसे दिन चढ़ेगा, नगर निगमों और परिषदों की पूरी तस्वीर साफ हो जाएगी। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या ‘आप’ दिल्ली और पंजाब के बाद स्थानीय निकायों में भी अपना दबदबा पूरी तरह कायम रख पाती है या विपक्ष उलटफेर करने में कामयाब होता है।