Panchayat representative using a laptop for digital planning on the e-GramSwaraj portal

ई-ग्रामस्वराज और ऑडिटऑनलाइन से पारदर्शी हो रहा पंचायत प्रशासन

डिजिटल गवर्नेंस की ओर बढ़ते कदम: ई-पंचायत और ई-ग्रामस्वराज से पारदर्शी हो रहा ग्रामीण प्रशासन”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट

भारत की पंचायती राज व्यवस्था तेजी से डिजिटल हो रही है। देश भर की पंचायतों में कामकाज को पारदर्शी, प्रभावी और आधुनिक बनाने के लिए ‘ई-पंचायत मिशन मोड परियोजना (MMP)’ के तहत बड़े कदम उठाए गए हैं।

केंद्रीय पंचायती राज मंत्री श्री राजीव रंजन सिंह (ललन सिंह) ने 11 अगस्त 2026 को लोकसभा में एक लिखित उत्तर में बताया कि पंचायतों की गतिविधियों को सुगम बनाने के लिए ‘ई-ग्रामस्वराज’ (e-GramSwaraj) और ‘ऑडिटऑनलाइन’ (AuditOnline) जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किए गए हैं।

ई-ग्रामस्वराज और अन्य प्लेटफार्मों का एकीकरण:

ग्रामीण स्तर की विकास योजनाओं (GPDP) को सहभागी नियोजन प्रक्रिया के माध्यम से तैयार करके ई-ग्रामस्वराज पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है। इस पोर्टल को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए इसे कई अन्य सरकारी प्लेटफार्मों से जोड़ा गया है:

  • PFMS (सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली): ऑनलाइन भुगतान और वित्तीय प्रबंधन के लिए।
  • GeM (सरकारी ई-मार्केटप्लेस): पंचायतों में पारदर्शी खरीद के लिए।
  • भाषिणी (Bhashini): बहुभाषी एआई (AI) आधारित सेवाओं के लिए।
  • BSNL और IMD: भारतनेट कनेक्टिविटी की निगरानी और मौसम संबंधी सटीक जानकारी के लिए।

क्षमता निर्माण और प्रशिक्षण कार्यक्रम:

राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान (RGSA) के तहत निर्वाचित प्रतिनिधियों और पंचायत सचिवों को डिजिटल साक्षरता का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इससे पंचायतों में ‘ई-पंचायत ऐप’ का इस्तेमाल बढ़ा है और ‘डेटा आधारित योजना’ बनाने में मदद मिल रही है।

ग्वालियर लोकसभा क्षेत्र का विशेष प्रदर्शन:

मध्य प्रदेश के ग्वालियर लोकसभा क्षेत्र में ई-ग्रामस्वराज और ऑडिटऑनलाइन का बेहतरीन इस्तेमाल देखा गया है।

  • ग्वालियर जिले की सभी 263 और शिवपुरी की 587 ग्राम पंचायतों को PFMS पर ऑनबोर्ड किया गया है।
  • ग्वालियर में 61.50 करोड़ और शिवपुरी में 117.70 करोड़ रुपये का ऑनलाइन भुगतान ग्राम पंचायतों द्वारा किया गया है।
  • लेखापरीक्षा अवधि (2024-25) के लिए ग्वालियर में 251 और शिवपुरी में 521 पंचायतों की ऑडिट रिपोर्ट ‘ऑडिटऑनलाइन’ के माध्यम से तैयार की गई है।

वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ई-ग्रामस्वराज की राष्ट्रीय स्थिति (प्रमुख राज्य):

राज्य का नाम ग्राम पंचायतों की कुल संख्या ई-ग्रामस्वराज (PFMS) पर ऑनबोर्ड पंचायतें ई-ग्रामस्वराज पर अपलोड GPDP
उत्तर प्रदेश 57,695 57,693 57,683
महाराष्ट्र 28,002 27,936 27,902
मध्य प्रदेश 23,011 23,011 22,974
गुजरात 14,619 14,591 13,805
बिहार 8,054 8,054 8,053
कुल (भारत) 2,58,725 2,52,864 2,50,664

 

इस डिजिटल पहल से पंचायती राज संस्थाओं (PRIs) में न केवल कार्यक्षमता बढ़ी है, बल्कि भ्रष्टाचार पर भी लगाम लगी है।