राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस: PM मोदी, केंद्रीय मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों ने दी देशवासियों को शुभकामनाएं
राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस: PM मोदी ने दी देशवासियों को बधाई, बोले- ‘प्रजा के सुख में ही शासक का सुख’
नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
देश भर में आज राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस मनाया जा रहा है। इस विशेष अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित देश के कई केंद्रीय मंत्रियों और राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने देशवासियों और पंचायत प्रतिनिधियों को शुभकामनाएं दी हैं।
नेताओं ने ग्रामीण विकास, स्थानीय स्वशासन और ‘विकसित भारत’ के निर्माण में पंचायतों की अहम भूमिका को रेखांकित किया है।
PM मोदी का संदेश और संस्कृत सुभाषित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर देश के सभी जनप्रतिनिधियों का अभिनंदन किया।
उन्होंने लिखा, “पंचायती राज दिवस के अवसर पर देशभर के सभी जनप्रतिनिधियों को हार्दिक अभिनंदन। जनसेवा के साथ राष्ट्रसेवा के प्रति आप सभी का समर्पण हर किसी को प्रेरित करने वाला है।”
अपने संदेश को और अधिक प्रभावी बनाते हुए पीएम मोदी ने एक प्राचीन ‘संस्कृत सुभाषितम्’ भी साझा किया:
“प्रजासुखे सुखं राज्ञः प्रजानां च हिते हितम्। नात्मप्रियं प्रियं राज्ञः प्रजानां तु प्रियं प्रियम्॥”
प्रधानमंत्री ने इसका भावार्थ समझाते हुए लिखा कि, “प्रजा के सुख में जनप्रतिनिधि का सुख है, प्रजा के हित में ही उसका हित है। जनसेवक का अपना प्रिय कुछ नहीं होता, प्रजा को जो प्रिय है, वही उसका भी प्रिय होता है।”
केंद्रीय मंत्रियों ने भी दी शुभकामनाएं
-
अर्जुन राम मेघवाल: केंद्रीय मंत्री ने इस अवसर पर कहा कि पंचायती राज संस्थाएं हमारे लोकतंत्र की सबसे सशक्त और आधारभूत इकाई हैं।
-
उन्होंने बताया कि ये संस्थाएं स्थानीय स्वशासन, पारदर्शिता, डिजिटल और महिला सशक्तिकरण के साथ-साथ ‘आत्मनिर्भर भारत’ के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
-
धर्मेंद्र प्रधान: केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने अपनी पोस्ट में लिखा कि भारत की असली आत्मा गांवों में बसती है। पीएम मोदी के नेतृत्व में बीते वर्षों में पंचायतों को नई ऊर्जा मिली है।
-
नारी सशक्तिकरण, स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार, स्वच्छता और जल संरक्षण के जरिए आज गांव-गांव तक विकास और परिवर्तन की धारा पहुंच रही है।
राज्यों के मुख्यमंत्रियों का संदेश
-
पुष्कर सिंह धामी (उत्तराखंड के मुख्यमंत्री): उन्होंने ग्राम स्वराज की अवधारणा को साकार करने पर जोर देते हुए कहा, “आइए, स्थानीय स्वशासन को सुदृढ़ कर ग्राम स्तर से ही विकास की नई गाथा लिखें और सशक्त राष्ट्र निर्माण में सहभागी बनें।”
-
रेखा गुप्ता (दिल्ली की मुख्यमंत्री): उन्होंने कहा कि हमारे लोकतंत्र की सफलता पूरी तरह से पंचायतों की मजबूती पर निर्भर करती है। खुशहाल गांव ही देश के विकास को नई दिशा दे रहे हैं।
-
उन्होंने भरोसा दिलाया कि ग्रामीण विकास की योजनाओं को धरातल पर उतारने और जनता की सीधी भागीदारी से एक विकसित भारत का निर्माण संभव है।











