Mansukh Mandaviya MY Bharat

माय भारत और NSS ‘विकसित भारत’ के दो स्तंभ: मनसुख मांडविया

IIM शिलांग में ‘चिंतन शिविर’ संपन्न: ‘माय भारत’ और ‘NSS’ हैं विकसित भारत के दो मजबूत स्तंभ- डॉ. मनसुख मांडविया “

शिलांग: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

युवा सहभागिता को सशक्त बनाने और ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को रफ्तार देने के उद्देश्य से भारतीय प्रबंधन संस्‍थान (IIM), शिलांग में आयोजित युवा कार्य और खेल मंत्रालय का दो दिवसीय ‘चिंतन शिविर’ सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है।

इस महामंथन में देशभर से युवा कार्य विभाग, माय भारत (MY Bharat) और नेशनल सर्विस स्‍कीम (NSS) के अधिकारियों ने हिस्सा लिया और जमीनी स्तर पर युवा योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए एक मजबूत रोडमैप तैयार किया।

शिविर के दूसरे और समापन दिन केंद्रीय युवा कार्य एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने अधिकारियों और क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए राष्ट्र निर्माण में युवाओं की अहमियत पर जोर दिया।

‘माय भारत’ और ‘NSS’ का साझा लक्ष्य: विकसित भारत

सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने एक बड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा, “माय भारत और एनएसएस (NSS) युवा विकास के दो मजबूत स्तंभ हैं, जो एक ही लक्ष्य — विकसित भारत — की दिशा में काम कर रहे हैं।”

  • कैंपस से ग्राउंड तक: डॉ. मांडविया ने स्पष्ट किया कि जहां NSS ‘परिसर (कैंपस)’ स्तर पर युवाओं को जोड़ने का काम करता है, वहीं ‘माय भारत’ उन्हें ‘जमीनी स्तर’ पर सक्रिय करता है।

  • जब ये दोनों संस्थाएं मिलकर काम करेंगी, तो देश में राष्ट्र निर्माण के लिए एक बेहद सशक्त जन-आंदोलन खड़ा होगा।

अधिकारियों को डॉ. मांडविया का ‘सक्सेस मंत्र’

केंद्रीय मंत्री ने जिला युवा अधिकारियों का आह्वान किया कि वे केवल प्रशासक न बनें, बल्कि अपने-अपने जिलों में एक ‘नेतृत्वकर्ता’ और ‘प्रेरक’ (Motivator) की भूमिका निभाएं। उन्होंने अधिकारियों को निम्नलिखित निर्देश दिए:

  1. युवाओं की सुनें: अधिकारियों को युवाओं की बात ध्यान से सुननी चाहिए और उनकी आकांक्षाओं को समझना चाहिए।

  2. समाधान-केन्द्रित दृष्टिकोण: समस्याओं पर अटकने के बजाय समाधान-केन्द्रित (Solution-oriented) रवैया अपनाएं।

  3. नेटवर्क को करें मजबूत: स्थानीय साझेदारियों और सामुदायिक सहभागिता के जरिए ‘युवा क्लबों’ के नेटवर्क को और अधिक मजबूत बनाया जाए।

उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले राज्य और जिले हुए सम्मानित

समापन समारोह के दौरान उन राज्यों और जिलों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया, जिन्होंने युवा विकास कार्यक्रमों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है।

  • सर्वश्रेष्ठ राज्य: भौतिक एवं वित्तीय प्रगति के आधार पर त्रिपुरा, झारखंड और मिजोरम को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले राज्यों के रूप में मान्यता दी गई।

  • सर्वश्रेष्ठ जिले: ‘विकसित भारत विलेज क्विज़’ पहल के अंतर्गत उत्तरी 24 परगना (पश्चिम बंगाल), पटना (बिहार) और बरईपुर (पश्चिम बंगाल) को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जिलों के रूप में सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर युवा कार्य और खेल राज्‍य मंत्री श्रीमती रक्षा निखिल खड़से, सचिव डॉ. पल्‍लवी जैन गोविल और ‘माय भारत’ की सीईओ डॉ. प्रियांका शुक्‍ला सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

धन्यवाद ज्ञापन देते हुए डॉ. प्रियंका शुक्ला ने बताया कि यह चिंतन शिविर पूर्वोत्‍तर क्षेत्र (North-East) में विभाग द्वारा आयोजित अपनी तरह का अब तक का सबसे बड़ा कार्यक्रम था, जो युवाओं की भागीदारी बढ़ाने में मील का पत्थर साबित होगा।