कोलकाता: कमला चटर्जी गर्ल्स हाई स्कूल में बदमाशों ने की जमकर तोड़फोड़
कोलकाता: कमला चटर्जी गर्ल्स हाई स्कूल में बदमाशों का उत्पात, तड़के सुबह की जमकर तोड़फोड़, CCTV में कैद हुई वारदात”
कोलकाता: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के पॉश इलाके गड़ियाहाट से एक बेहद हैरान करने वाली और चिंताजनक घटना सामने आई है।
यहां स्थित कमला चटर्जी गर्ल्स हाई स्कूल (Kamala Chatterjee Girls High School) में शनिवार तड़के कुछ अज्ञात बदमाशों ने घुसकर जमकर उत्पात मचाया और स्कूल की संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया।
शिक्षा के मंदिर में हुई इस बर्बर घटना ने इलाके की सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सुबह 4:30 बजे दिया वारदात को अंजाम
मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना शनिवार सुबह करीब 4:30 बजे की है। स्कूल प्रशासन ने बताया कि बदमाशों का एक समूह अचानक स्कूल परिसर में दाखिल हुआ।
उन्होंने विशेष रूप से स्कूल के उस किराए के भवन को अपना निशाना बनाया, जहां प्राइमरी और सेकेंडरी कक्षाओं के बच्चों की पढ़ाई होती है। बदमाशों ने वहां रखी चीजों को बुरी तरह से तहस-नहस कर दिया।
सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए बदमाश
यह पूरी वारदात स्कूल परिसर में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों में कैद हो गई है। फुटेज में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कुछ युवक स्कूल की दीवार फांदकर अंदर घुसते हैं और उसके बाद वहां जमकर तोड़फोड़ शुरू कर देते हैं।
सुबह जब स्कूल की प्रधानाध्यापिका देवयानी दास ने स्कूल खोला, तो अंदर का नजारा देखकर वह सन्न रह गईं। पूरा परिसर और कक्षाएं पूरी तरह से अस्त-व्यस्त थीं।
गड़ियाहाट थाने में शिकायत दर्ज, जांच शुरू
घटना की गंभीरता को देखते हुए प्रधानाध्यापिका देवयानी दास ने तुरंत गड़ियाहाट थाने की पुलिस को इसकी सूचना दी और आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई।
कोलकाता पुलिस (Kolkata Police) ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एफआईआर दर्ज कर ली है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान करने में जुट गई है।
सोमवार को शिक्षा विभाग करेगा अहम बैठक
इस सनसनीखेज घटना की जानकारी जिला स्कूल निरीक्षक को भी दे दी गई है। शिक्षा विभाग के सूत्रों के मुताबिक, इस गंभीर मामले और स्कूल की सुरक्षा को लेकर आगामी सोमवार को एक अहम बैठक बुलाई गई है, जिसमें आगे की कड़ी कार्रवाई पर फैसला लिया जाएगा।
फिलहाल, इस घटना के बाद से छात्राओं के अभिभावकों और स्थानीय निवासियों में दहशत और आक्रोश का माहौल है।











