कोलकाता में 'शहीद दिवस' रैली को संबोधित करती हुईं टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी

ममता बनर्जी की हुंकार: जरूरत पड़ी तो ‘संसद मार्च’ में होउंगी शामिल

‘जरूरत पड़ी तो दिल्ली जाऊंगी’: ममता बनर्जी की हुंकार, BJP को बताया हिटलर और स्टालिन से भी खतरनाक”

कोलकाता: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

तृणमूल कांग्रेस (TMC) की अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को कोलकाता में आयोजित भव्य ‘शहीद दिवस’ (Martyrs’ Day) रैली से भारतीय जनता पार्टी (BJP) और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।

अपने आक्रामक भाषण में उन्होंने जहां एक तरफ ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के दिल्ली विरोध प्रदर्शन का खुलकर समर्थन किया, वहीं विपक्ष को ‘INDIA अलायंस’ के झंडे तले एकजुट होने का बड़ा आह्वान भी किया।

CJP के प्रदर्शन का समर्थन और दिल्ली कूच की चेतावनी

दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP द्वारा शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन पर बोलते हुए ममता बनर्जी ने कहा, “हमने शुरू से ही CJP की मांगों और उनके आंदोलन का समर्थन किया है।

अगर जरूरत पड़ी, तो मैं खुद दिल्ली जाऊंगी और उनके विरोध प्रदर्शन में सीधे तौर पर शामिल होऊंगी।”

छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई का जिक्र करते हुए उन्होंने दावा किया कि सोमवार को दिल्ली में हुए भारी विरोध के कारण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना काफिला वापस मोड़ना पड़ा था।

‘BJP ने पार की तानाशाही की हदें, हिटलर को भी छोड़ा पीछे’

बीजेपी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार को आड़े हाथों लेते हुए टीएमसी सुप्रीमो ने कहा कि सरकार ने तानाशाही की सारी हदें पार कर दी हैं। उन्होंने कहा:

“लोग बीजेपी के अत्याचारों को समझ रहे हैं। इस सरकार ने तानाशाही में हिटलर और स्टालिन को भी पीछे छोड़ दिया है। हमारी यह लड़ाई किसी एक पार्टी की नहीं, बल्कि देश के ‘लोकतंत्र को बचाने का आंदोलन’ है।”

उन्होंने देश भर के विपक्षी दलों से अपील की कि अब समय आ गया है कि बीजेपी की इस ‘डर की सरकार’ के खिलाफ ‘INDIA अलायंस’ के बैनर तले सभी एकजुट होकर लड़ें।

मंच पर हथियारबंद 600 बाइक सवारों के हमले का आरोप

ममता बनर्जी ने एक बेहद गंभीर और सनसनीखेज आरोप लगाते हुए कहा कि सोमवार रात ‘शहीद दिवस’ कार्यक्रम को बाधित करने की बड़ी साजिश रची गई थी।

उन्होंने दावा किया कि रात के वक्त बंदूकों से लैस करीब 600 बाइक सवार उपद्रवी रैली के मंच को नष्ट करने आए थे। “कल रात मैंने, अभिषेक बनर्जी और अन्य नेताओं ने जागकर मंच की सुरक्षा की।

पुलिस को कई बार सूचना देने के बावजूद हमें कोई मदद नहीं मिली। हम अच्छी तरह समझते हैं कि इस साजिश के पीछे किसका हाथ है,” बनर्जी ने आरोप लगाया।

14,000 मुकदमों का जिक्र और जेल से आने पर स्वागत का ऐलान

बीजेपी पर केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि टीएमसी नेताओं को जांच और मुकदमों के जाल में फंसाया जा रहा है।

  • उन्होंने कहा कि टीएमसी नेताओं के खिलाफ 14,000 से ज्यादा फर्जी मामले दर्ज किए गए हैं। “जब हमारे नेता जेल से बाहर आएंगे, तो हम डरेंगे नहीं, बल्कि उनका स्वागत फूल-माला पहनाकर करेंगे।”

  • वोटर लिस्ट के मुद्दे पर भी उन्होंने हमला बोलते हुए कहा कि जिन लोगों ने वोट लूटे और लिस्ट से नाम कटवाए हैं, वे जल्द ही बेनकाब होंगे।

वादों से मुकरने का लगाया आरोप

अपने भाषण के अंत में ममता बनर्जी ने बीजेपी पर जनता से किए गए वादे पूरे न करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि यह बेहद शर्म की बात है कि सरकार महंगाई भत्ता (DA), वेतन आयोग और अन्नपूर्णा भंडार योजना समेत हर मोर्चे पर पूरी तरह नाकाम साबित हुई है।

उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि वह जल्द ही बंगाल के जिलों का दौरा करेंगी और उन्हें रोकने वालों को करारा जवाब देंगी।