Siddaramaiah Resignation DK Shivakumar CM

कर्नाटक राजनीति: सिद्धारमैया का इस्तीफा, डीके शिवकुमार बनेंगे मुख्यमंत्री

कर्नाटक में बड़ा उलटफेर : सिद्धारमैया का इस्तीफे का ऐलान, डीके शिवकुमार की ताजपोशी का रास्ता साफ; 3 डिप्टी सीएम फॉर्मूले पर मंथन”

बेंगलुरु: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

कर्नाटक की राजनीति में पिछले कई महीनों से चल रही खींचतान और अटकलों पर अब विराम लग गया है।

मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने आधिकारिक तौर पर अपने पद से इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया है। गुरुवार सुबह उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के साथ ब्रेकफास्ट मीटिंग के दौरान सिद्धारमैया ने स्पष्ट किया कि पार्टी हाईकमान ने उन्हें राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय होने का निर्देश दिया है।

इस घोषणा के साथ ही डीके शिवकुमार के समर्थकों में जबरदस्त उत्साह है और राज्य भर में जश्न का माहौल शुरू हो गया है।

राजभवन का ‘ट्विस्ट’: राज्यपाल शहर से बाहर, फैक्स से जा सकता है इस्तीफा

सिद्धारमैया के इस्तीफे के ऐलान के बीच एक नाटकीय मोड़ तब आया जब पता चला कि कर्नाटक के राज्यपाल व्यक्तिगत कारणों से इस वक्त बेंगलुरु से बाहर हैं।

पहले योजना थी कि मीटिंग के बाद मुख्यमंत्री सीधे राजभवन जाकर अपना इस्तीफा सौंपेंगे। अब संभावना जताई जा रही है कि सिद्धारमैया अपना इस्तीफा राजभवन को फैक्स के जरिए भेज सकते हैं या राज्यपाल के लौटने का इंतजार करेंगे।

दिल्ली दौरे पर सिद्धारमैया: राहुल गांधी से मिलकर राज्यसभा ऑफर पर करेंगे बात

मुख्यमंत्री पद से हटने के साथ ही सिद्धारमैया आज दिल्ली के लिए रवाना हो रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, वे वहां राहुल गांधी से मुलाकात करेंगे।

  • राष्ट्रीय राजनीति में भूमिका: सिद्धारमैया को पार्टी राज्यसभा भेजकर राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी जिम्मेदारी देना चाहती है।

  • मनाने की कोशिश: हालांकि, बताया जा रहा है कि सिद्धारमैया राज्यसभा जाने के इच्छुक नहीं हैं। वे राहुल गांधी से मिलकर व्यक्तिगत रूप से इस ऑफर को मना कर सकते हैं।

  • इससे पहले उन्होंने केसी वेणुगोपाल के जरिए अपना संदेश हाईकमान तक पहुंचाया था।

30 मई को ‘कनकपुरा के सुल्तान’ की ताजपोशी!

अगर इस्तीफे की संवैधानिक प्रक्रिया आज पूरी हो जाती है, तो सूत्रों का दावा है कि 30 मई 2026 को डीके शिवकुमार कर्नाटक के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे।

शिवकुमार साल 2023 के विधानसभा चुनावों के बाद से ही इस कुर्सी के प्रबल दावेदार थे, लेकिन ढाई-ढाई साल के फॉर्मूले के चलते उन्हें इंतजार करना पड़ा। अब करीब 3 साल बाद उनकी मुराद पूरी होने जा रही है।

सोशल इंजीनियरिंग: 1 मुख्यमंत्री और 3 डिप्टी सीएम का फॉर्मूला

डीके शिवकुमार की नई सरकार में जातीय समीकरणों को साधने के लिए एक नहीं बल्कि तीन उपमुख्यमंत्री (Deputy CM) बनाने पर सहमति बनती दिख रही है। इसमें ओबीसी, अनुसूचित जाति (SC) और मुस्लिम समुदाय का प्रतिनिधित्व होगा:

श्रेणी

संभावित उम्मीदवार

ओबीसी (OBC)

यतीन्द्र सिद्धारमैया (सिद्धारमैया के बेटे), एम.बी. पाटिल, ईश्वर खंड्रे

अनुसूचित जाति (SC)

जी. परमेश्वर (मौजूदा गृहमंत्री), प्रियांक खरगे (मल्लिकार्जुन खरगे के बेटे)

मुस्लिम (Muslim)

सलीम अहमद, रिजवान अरशद, रहीम खान

 

यह फॉर्मूला आगामी चुनावों को देखते हुए कांग्रेस के लिए ‘सोशल इंजीनियरिंग’ का एक बड़ा दांव माना जा रहा है।