Jaunpur CDO Fertilizer Godown Inspection

जौनपुर: CDO का उर्वरक गोदाम पर छापा, फटी बोरियों पर नाराजगी

जौनपुर: CDO ने मारा उर्वरक गोदाम पर छापा, फटी बोरियां मिलने पर भड़के; कहा- ‘वैज्ञानिक तरीके से हो भंडारण, तुरंत लगाएं CCTV’

जौनपुर: द पॉलिटिक्स अगेन : विनोद यादव की रिपोर्ट 

किसानों को समय पर और सही मात्रा में खाद-बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जौनपुर जिला प्रशासन पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है।

जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. के कड़े निर्देशों के बाद, मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ध्रुव खाड़िया ने शाहगंज स्थित पीसीएफ (PCF) संस्था के उर्वरक बफर गोदाम का औचक निरीक्षण किया। इस औचक छापे से विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया।

फटी बोरियों पर CDO ने जताई सख्त नाराजगी

निरीक्षण के दौरान सीडीओ ध्रुव खाड़िया ने गोदाम में रखे यूरिया और डीएपी (DAP) उर्वरक के बैगों का बारीकी से भौतिक सत्यापन किया।

जांच के दौरान कुछ बोरियां फटी हुई पाई गईं, जिस पर सीडीओ ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने पीसीएफ के जिला प्रबंधक को फटकार लगाते हुए सख्त निर्देश दिया कि सभी बोरियों का भंडारण वैज्ञानिक पद्धति (Scientific Method) और निर्धारित मानकों के अनुरूप ही सुनिश्चित किया जाए।

इसके साथ ही, खाद की हैंडलिंग और परिवहन करने वाले ठेकेदारों को समय पर उर्वरक भेजने के भी कड़े निर्देश दिए गए।

वजन निकला सही, CCTV कैमरे लगाने का आदेश

किसानों की अक्सर यह शिकायत रहती है कि खाद की बोरियों में वजन कम (घटतौली) मिलता है। इसे परखने के लिए सीडीओ ने खुद अपने सामने कुछ बोरियों का वजन भी कराया।

राहत की बात यह रही कि बोरियों का वजन निर्धारित मानकों के अनुरूप पाया गया और घटतौली की कोई शिकायत नहीं मिली।

गोदाम की सुरक्षा और पारदर्शिता को बढ़ाने के लिए मुख्य विकास अधिकारी ने गोदाम परिसर में तत्काल प्रभाव से सीसीटीवी (CCTV) कैमरे स्थापित कराने के निर्देश भी दिए।

गेहूं क्रय केंद्र का भी किया मुआयना, दिए ये निर्देश

उर्वरक गोदाम के निरीक्षण के बाद, सीडीओ ने उसी परिसर में संचालित गेहूं क्रय केंद्र ‘पीसीएफ केएसके इमरानगंज’ का भी जायजा लिया।

केंद्र पर सभी आवश्यक अभिलेख (रिकॉर्ड) व्यवस्थित और अपडेटेड पाए गए। उन्होंने क्रय केंद्र प्रभारी को निर्देश दिया कि वे अधिक से अधिक किसानों से व्यक्तिगत संपर्क करें और शासन की मंशा के अनुरूप गेहूं खरीद का लक्ष्य हासिल करें।

साथ ही, खरीद प्रक्रिया में किसानों को कोई असुविधा न हो और नियम-कानूनों का पूरी तरह से पालन किया जाए।

इस अहम निरीक्षण के दौरान जिला कृषि अधिकारी, एआर कोऑपरेटिव, क्षेत्र अधिकारी (इफको) सहित अन्य संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।