PM Narendra Modi and Belgium PM Bart De Wever exchanging documents after signing key bilateral agreements in New Delhi

भारत-बेल्जियम वार्ता: रक्षा, व्यापार समेत 10 अहम समझौतों पर मुहर

भारत-बेल्जियम के बीच 10 बड़े समझौते: रक्षा और साइबर सुरक्षा पर गठजोड़, 5 साल में दोगुना होगा व्यापार”

नई दिल्ली : संतोष सेठ की रिपोर्ट : HE POLITICS AGAIN

बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर (Bart De Wever) की भारत की आधिकारिक कूटनीतिक यात्रा के दौरान दोनों देशों के संबंधों को नई ऊंचाई मिली है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बेल्जियम के पीएम के बीच हुई उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता के बाद व्यापार, रक्षा, ऊर्जा, निवेश और सुरक्षा से जुड़े 10 प्रमुख समझौतों पर मुहर लगी है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इन ऐतिहासिक नतीजों की आधिकारिक जानकारी साझा की है।

व्यापार और निवेश को लगेंगे पंख

  • व्यापार होगा दोगुना: दोनों देशों ने अगले पांच वर्षों में द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का बड़ा लक्ष्य रखा है। इससे भारतीय निर्यातकों को नए बाजार और युवाओं को रोजगार मिलेगा।

  • इन्वेस्टमेंट फास्ट-ट्रैक तंत्र: भारत में बेल्जियम के प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) और तकनीक हस्तांतरण को गति देने के लिए एक विशेष ‘फास्ट-ट्रैक’ प्रणाली बनाई जाएगी।

  • बिजनेस फोरम और वाणिज्यिक संवाद: ‘भारत-बेल्जियम व्यापार मंच’ को संस्थागत रूप दिया जाएगा। साथ ही छात्रों, पेशेवरों और कारोबारियों की आसान आवाजाही के लिए एक व्यवस्थित ‘वाणिज्यिक संवाद’ शुरू होगा।

रक्षा और सुरक्षा में रणनीतिक गठजोड़

  • रक्षा विनिर्माण (Make in India): यूरोपीय रक्षा आपूर्ति श्रृंखलाओं और उन्नत तकनीक तक भारत की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए एक अहम आशय पत्र पर सहमति बनी है।

  • रक्षा कंपनियों का करार: सोसाइटी ऑफ इंडियन डिफेंस मैन्युफैक्चरर्स (SIDM) और बेल्जियम सुरक्षा उद्योग के बीच एक बड़ा समझौता हुआ है।

  • CBI और बेल्जियम पुलिस साथ-साथ: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संगठित अपराध और साइबर अपराधों (Cyber Crime) पर नकेल कसने के लिए भारत की CBI और बेल्जियम की संघीय पुलिस अब सीधे खुफिया जानकारी साझा करेंगी।

  • ब्रसेल्स में रक्षा अताशे: रक्षा समन्वय को संस्थागत मजबूती देने के लिए ब्रसेल्स स्थित भारतीय दूतावास में एक स्थायी ‘रक्षा अताशे’ की नियुक्ति की जाएगी।

स्वच्छ ऊर्जा और कूटनीतिक प्रशिक्षण

दोनों देशों के बीच कार्बन उत्सर्जन घटाने और ‘नेट-जीरो’ लक्ष्यों को हासिल करने के लिए नवीकरणीय और स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में विशेषज्ञता साझा करने का समझौता हुआ है।

इसके अलावा, भारत के सुषमा स्वराज विदेश सेवा संस्थान और बेल्जियम के विदेश विभाग के बीच राजनयिकों के प्रशिक्षण और बेहतर कार्यप्रणालियों के आदान-प्रदान पर भी ऐतिहासिक सहमति बनी है।