Himachal Panchayat Election First Phase

हिमाचल पंचायत चुनाव 2026: पहले चरण का मतदान शुरू

हिमाचल पंचायत चुनाव: आज पहले चरण का मतदान, 1293 पंचायतों में 16 लाख वोटर चुनेंगे गांव की सरकार”

शिमला: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

हिमाचल प्रदेश में गांव की सरकार चुनने का महाकुंभ शुरू हो गया है। पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव के पहले चरण में मंगलवार को प्रदेश की 1293 पंचायतों के लिए मतदान जारी है।

इस बार के चुनावों में ग्रामीण मतदाताओं, विशेषकर पहली बार वोट डाल रहे युवाओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है।

राज्य निर्वाचन आयोग को उम्मीद है कि इस बार वर्ष 2021 के 78.70 प्रतिशत मतदान का पिछला रिकॉर्ड टूट सकता है।

पहले चरण के मतदान के प्रमुख आंकड़े

  • कुल पंचायतें: 1,293

  • कुल प्रत्याशी: करीब 7,200 (प्रधान, उपप्रधान, वार्ड सदस्य, बीडीसी और जिला परिषद)

  • कुल मतदाता: लगभग 16 लाख

  • मतदान का समय: सुबह 7:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक

  • मतदान केंद्र: 16,539 (इनमें 3,554 संवेदनशील और 1,585 अतिसंवेदनशील)

  • तैनात कर्मचारी: 8,198

गौरतलब है कि प्रधान, उपप्रधान और वार्ड सदस्य के नतीजे मतदान के बाद आज शाम तक आ जाएंगे, जबकि जिला परिषद और पंचायत समिति (बीडीसी) सदस्यों के लिए पड़े मतों की गिनती 31 मई को होगी।

मतदान प्रक्रिया: 3 अधिकारियों की निगरानी में होगा काम

मतदान प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए हर बूथ पर तीन पोलिंग अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है:

  1. पहला अधिकारी (मतदाता सूची इंचार्ज): मतदाता की पहचान, सूची में नाम का सत्यापन और उंगली पर स्याही लगाएगा।

  2. दूसरा अधिकारी (मतपत्र इंचार्ज): वार्ड पंच, उपप्रधान और प्रधान पद के मतपत्र जारी करेगा।

  3. तीसरा अधिकारी: बीडीसी और जिला परिषद सदस्य पद के लिए मतपत्र जारी करेगा।

किस पद के लिए कौन सा मतपत्र (बैलेट पेपर)?

भ्रम से बचने के लिए चुनाव आयोग ने हर पद के लिए अलग-अलग रंग के मतपत्र तय किए हैं:

  • वार्ड सदस्य: सफेद मतपत्र

  • उप प्रधान: पीला मतपत्र

  • प्रधान: हल्का हरा मतपत्र

  • पंचायत समिति (बीडीसी) सदस्य: गुलाबी मतपत्र

  • जिला परिषद सदस्य: हल्का नीला मतपत्र

राज्य निर्वाचन आयोग के सख्त नियम और दिशा-निर्देश

राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव सुरजीत सिंह राठौर ने स्पष्ट किया है कि चुनाव में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

  • सीसीटीवी से निगरानी: सभी मतगणना केंद्रों और संवेदनशील बूथों पर ऑनलाइन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जा रही है।

  • 100 मीटर की सीमा: मतदान केंद्र के 100 मीटर के दायरे में भीड़ जुटाने, प्रचार करने या प्रत्याशी के पोस्टर लगाने पर सख्त रोक है।

  • फर्जी वोटिंग पर FIR: यदि कोई व्यक्ति गलत नाम बताकर जाली वोट डालता है, तो उसके खिलाफ तुरंत एफआईआर (FIR) दर्ज की जाएगी।

  • वाहनों पर रोक: प्रत्याशी अपने निजी वाहन में मतदाताओं को मतदान केंद्र तक नहीं ले जा सकेंगे।

वोट डालने के लिए जरूरी पहचान पत्र

मतदाताओं को वोट डालने के लिए भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी वोटर आईडी कार्ड के अलावा ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, बैंक पासबुक, राशन कार्ड, आधार कार्ड या अन्य मान्यता प्राप्त सरकारी पहचान पत्रों में से कोई एक मूल दस्तावेज साथ ले जाना अनिवार्य होगा।

52 हजार नए मतदाता पहली बार करेंगे मतदान

इस बार के तीन चरणों में होने वाले पंचायत चुनावों में 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले 52,349 नए युवा मतदाता पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।

प्रदेशभर में 3754 पंचायतों में कुल 31,182 पदों के लिए तीन चरणों (26 मई, 28 मई और 30 मई) में चुनाव हो रहे हैं।