Different varieties of mangoes displayed at the Aam Mahotsav (Mango Festival) in Lucknow, Uttar Pradesh

‘आम महोत्सव’ में जौनपुर के किसानों और निर्यातकों को मिलेगा बड़ा मंच

लखनऊ में सजेगा ‘आम महोत्सव’ का भव्य मंच: 3 से 5 जुलाई तक होगा आयोजन, किसानों से लेकर निर्यातकों तक को मिलेगा बड़ा फायदा”

जौनपुर : द पॉलिटिक्स अगेन : अब्दुल हई राजा की रिपोर्ट

उत्तर प्रदेश को यूं ही देश का अग्रणी ‘आम उत्पादक’ राज्य नहीं कहा जाता। यहाँ के आम की मिठास और गुणवत्ता को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक पहचान दिलाने के लिए राजधानी लखनऊ में एक बार फिर भव्य ‘आम महोत्सव’ (Aam Mahotsav) की तैयारी शुरू हो गई है।

‘The Politics Again’ की रिपोर्ट के अनुसार, जिला उद्यान अधिकारी डॉ. सीमा सिंह राणा ने बताया कि यह बहुप्रतीक्षित महोत्सव 3, 4 और 5 जुलाई 2026 को लखनऊ के प्रतिष्ठित ‘इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान’ में आयोजित किया जाएगा।

महोत्सव का मुख्य उद्देश्य: सबको एक मंच पर लाना

इस तीन दिवसीय आम महोत्सव का मुख्य एजेंडा आम के उत्पादन, प्रसंस्करण (Processing), विपणन (Marketing) और निर्यात (Export) को एक नई गति प्रदान करना है। इसके माध्यम से:

  • आम उत्पादक किसानों

  • निर्यातकों (Exporters)

  • खाद्य उद्यमियों (Entrepreneurs)

  • और आम उपभोक्ताओं (Consumers) को एक ही मंच पर लाया जाएगा।

किसानों को मिलेगी आधुनिक तकनीकों की जानकारी

यह आयोजन सिर्फ प्रदर्शनी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह बागवानों के लिए एक बड़ी पाठशाला भी साबित होगा। महोत्सव में किसानों को:

  • आम की उन्नत उत्पादन तकनीक (Advanced Farming Techniques)

  • तुड़ाई उपरांत प्रबंधन (Post Harvest Management)

  • आम की ब्रांडिंग और पैकेजिंग

  • और अंतरराष्ट्रीय बाजार में निर्यात से जुड़ी आधुनिक जानकारियां विशेषज्ञों द्वारा दी जाएंगी।

इन 5 श्रेणियों में होंगी रोचक प्रतियोगिताएं

महोत्सव के आकर्षण को बढ़ाने के लिए खास तौर पर पांच अलग-अलग श्रेणियों में प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। इनमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बागवानों को सरकार द्वारा सम्मानित भी किया जाएगा:

  1. आम की विभिन्न प्रजातियाँ: प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में उगाई जाने वाली दुर्लभ और खास किस्मों का प्रदर्शन।

  2. संरक्षित उत्पाद: आम से बने प्रसंस्कृत और संरक्षित उत्पाद (जैसे- अचार, मुरब्बा, अमावट आदि)।

  3. आम के व्यंजन: आम से बनाए गए स्वादिष्ट और नए पकवान।

  4. सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शनी: सबसे शानदार स्टॉल और डिस्प्ले।

  5. सर्वाधिक प्रदर्शन करने वाले बागवान: सबसे ज्यादा वैरायटी या उत्पाद लाने वाले किसान।

बागवानों से की गई खास अपील

जिला उद्यान अधिकारी डॉ. सीमा सिंह राणा ने जनपद और प्रदेश भर के सभी आम उत्पादक किसानों और बागवानों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस महोत्सव में हिस्सा लें।

जो भी किसान अपने आम के प्रदर्श, संरक्षित उत्पाद या व्यंजन प्रतियोगिता में भाग लेना चाहते हैं, वे अधिक जानकारी और पंजीकरण के लिए अपने संबंधित ‘जिला उद्यान अधिकारी कार्यालय’ से संपर्क कर सकते हैं।

निश्चित तौर पर यह आयोजन आम की खेती करने वाले किसानों के लिए नई तकनीकों को सीखने और बेहतर व्यापारिक अवसर प्राप्त करने का एक शानदार ‘लॉन्चपैड’ साबित होगा।