“यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) के जरिए शनिवार को डिजिटल पेमेंट करने में देशभर के लाखों लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। तकनीकी खराबी के कारण कई यूजर्स न तो खरीदारी कर पाए और न ही बिल भुगतान या अन्य ऑनलाइन लेनदेन कर सके। इस समस्या की पुष्टि एनपीसीआई (भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम) ने की है। उन्होंने सोशल मीडिया पर बताया कि तकनीकी परेशानी के कारण यूपीआई सेवा बाधित हुई है और इसे ठीक करने का काम जारी है”
“नई दिल्ली 13 / 04 / 2025 संतोष सेठ की रिपोर्ट”
ऑनलाइन आउटेज ट्रैकर डाउन डिटेक्टर के अनुसार दोपहर 1 बजे तक 2,358 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें 81 प्रतिशत पेमेंट फेल होने और 17 प्रतिशत फंड ट्रांसफर से जुड़ी रहीं। इस गड़बड़ी से एसबीआई, आईसीआईसीआई और एचडीएफसी जैसे प्रमुख बैंकिंग ऐप भी प्रभावित हुए।
गौरतलब है कि मार्च 2025 में यूपीआई के जरिए 18.3 बिलियन ट्रांजैक्शन हुए थे, जिनकी कुल राशि 24.77 लाख करोड़ रुपये रही थी। यह फरवरी की तुलना में 13 प्रतिशत ज्यादा था। यूपीआई के जरिए रोजाना औसतन 590 मिलियन ट्रांजैक्शन होते हैं, जिनका कुल मूल्य लगभग 79,910 करोड़ रुपये है। ऐसे में यह तकनीकी खराबी आम लोगों के लिए काफी परेशानी का कारण बनी। एनपीसीआई ने आश्वासन दिया है कि सेवा जल्द ही सामान्य हो जाएगी।
पीएम मोदी ने किया "पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन का भविष्य" सम्मेलन का उद्घाटन, बोले- 'भारत…
पीएम मोदी ने 20वें रोजगार मेले में 51,000 युवाओं को बांटे नियुक्ति पत्र, कहा- 'विकसित…
दमोह: शक और घरेलू विवाद में हैवान बना पति, कुल्हाड़ी से पत्नी और तीन मासूम…
डूसू चुनाव परिणाम: ABVP का दबदबा, अध्यक्ष सहित तीन पदों पर कब्जा; निर्दलीय दीपांशु शौकीन…
पाकिस्तान में महंगाई का 'पेट्रोल बम': गधा-गाड़ी से सिंध असेंबली पहुंचे PTI विधायक, सरकार के…
न्यायपालिका में 14 नए जजों की नियुक्ति: राष्ट्रपति ने दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, झारखंड और कर्नाटक…