जौनपुर – पांच करोड़ की डकैती में वांछित जाैनपुर के मंगेश यादव का सुल्तानपुर में हुआ एनकाउंटर

“सुल्तानपुर के ठठेरी बाजार से सराफा कारोबारी के यहां पांच करोड़ रुपये की डकैती में वांछित जाैनपुर के मंगेश यादव बृहस्पतिवार को सुल्तानपुर पुलिस से मुठभेड़ में मारा गया। वहीं उसका साथी साथी भागने में कामयाब रहा”
जौनपुर / बक्शा 06 / 09 2024 संतोष सेठ की रिपोर्ट
मारे गए अपराधी की पहचान बक्शा थाना क्षेत्र के अगरौरा गांव निवासी मंगेश यादव (26) के रूप में की गई। गलत शोहबत ने उसे ईनामी अपराधी बना दिया।
उसके खिलाफ जौनपुर, लाइन बाजार, सुल्तानपुर और प्रतापगढ़ में 10 मुकदमे दर्ज थे। इस मुठभेड़ के बाद सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने फर्जी मुठभेड़ के खुलासे की मांग की।
उन्होंने जाति देखकर मारने का आरोप लगाया। उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया तो सपा कार्यकर्ता भी घर पर समर्थन देने पहुंचे।
मंगेश ने 10 वर्ष पहले जूनियर हाईस्कूल अगरौरा से हाईस्कूल की पढ़ाई की थी। परीक्षा में फेल होने पर उसने पढ़ाई छोड़ दी।
उसके ऊपर जौनपुर के लाइन बाजार में तीन, कोतवाली में लूट का एक, सुल्तानपुर में पांच, प्रतापगढ़ में एक मुकदमा दर्ज था। सबसे पहला मुकदमा सुल्तानपुर में 2021 में दर्ज हुआ।
गांव के राकेश यादव का एकलौता पुत्र मंगेश यादव उर्फ कुंभे (26) की शोहबत अच्छी नहीं थी। वैसे मंगेश के खिलाफ बक्शा थाने में एक भी मुकदमा नहीं है। पिता राकेश की माली हालत ठीक नहीं है।
पिता राकेश ट्रक ड्राइवर हैं। वह पत्नी शीला और एक 14 वर्षीय बेटी प्रिंसी का खर्चा ट्रक चलाकर कर चलाते हैं। ग्रामीणों की मानें तो मंगेश कभी कभार ही घर पर दिखता था।
मंगेश का घर अभी नहीं बना है परिवार कच्चे मकान में रहता है। वह ईंट और पतरे का बना है। प्रदेश के सुल्तानपुर में 28 अगस्त को सराफा दुकान पर दिनदहाड़े डकैती के मामले में सुल्तानपुर में एसटीएफ व कोतवाली देहात पुलिस ने संयुक्त रूप से की कार्रवाई।
एक बदमाश पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। सुल्तानपुर की एसटीएफ टीम ने मारे गए बदमाश की पहचान जनपद जौनपुर के बक्शा थाने के अगरौरा निवासी मंगेश यादव उर्फ कुंभे के रूप में हुई। एडीजी ने उस पर एक लाख का इनाम घोषित किया था।
उसका शव देर रात घर पर पहुंचा। जहां मां शीला और बहन प्रिंसी रोते हुए बेहोश हो जा रही हैं। कह रही हैं कि बेटा ऐसा नहीं था।
उसको सोमवार की रात में सादे वर्दी में आए लोग अपने साथ ले गए थे लेकिन आज तक लेकर नहीं लाए। कई बार आकर घर की तलाशी भी लिए थे।
“मामले में तनाव को देखते हुए एहतियात के तौर पर एक कंपनी पीएसी, बक्शा, तेजीबाजार, बदलापुर की पुलिस फोर्स तैनात है। अंतिम संस्कार राम घाट पर किया जाएगा” – परमानंद कुशवाहा, सीओ, सदर











