राज्यों की खबरे

तमिलनाडु: पटाखा फैक्ट्री में भीषण ब्लास्ट, अब तक 23 की मौत

तमिलनाडु के विरुदुनगर में भीषण हादसा: पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट से 23 लोगों की दर्दनाक मौत, 6 घायल

विरुदुनगर: तमिलनाडु के विरुदुनगर जिले से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है।

यहां कट्टनार पट्टी इलाके में स्थित एक फैंसी पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट में 23 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 6 लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं।

शुरुआती रिपोर्ट्स में 16 लोगों की मौत की खबर थी, लेकिन समय के साथ मृतकों का आंकड़ा बढ़कर 23 तक पहुंच गया। इस भयंकर हादसे से पूरे इलाके में मातम और कोहराम पसरा हुआ है।

बचाव अभियान के दौरान हुआ दूसरा धमाका

विरुदुनगर के कलेक्टर एन.ओ. सुखापुत्र ने घटना की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि प्रशासन मुस्तैदी से काम कर रहा है।

उन्होंने कहा, “अब तक 19 शवों की शिनाख्त हो चुकी है, जिनमें 16 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल हैं। 6 घायलों को विरुदुनगर सरकारी अस्पताल के आईसीयू (ICU) में भर्ती कराया गया है।”

इस हादसे का एक और खौफनाक पहलू यह रहा कि जब राहत और बचाव कार्य चल रहा था, तब फैक्ट्री में अचानक दूसरा विस्फोट हो गया।

इस दूसरे धमाके की चपेट में आने से कुछ बचाव कर्मी भी घायल हो गए, जिनकी देखभाल मौके पर मौजूद चिकित्सा दल कर रहा है। प्रशासन ने मृतकों के पोस्टमार्टम के लिए विशेष प्रबंध किए हैं।

लड़ियां पिरोते समय हुआ हादसा

जानकारी के मुताबिक, यह फैक्ट्री गोविंदनाल्लूर के निवासी मुथु मानिकम की है। यह धमाका दोपहर के वक्त उस समय हुआ जब अंदर मजदूर फैंसी पटाखों की लड़ियां पिरोने का काम कर रहे थे। धमाका इतना जोरदार था कि पल भर में ही चीख-पुकार मच गई और लाशों का ढेर लग गया।

फरवरी में काकीनाडा में भी गई थी 21 की जान

देश में पटाखा फैक्ट्रियों में सुरक्षा को लेकर उठ रहे सवालों के बीच यह हादसा चिंताजनक है। गौरतलब है कि इसी साल फरवरी 2026 में आंध्र प्रदेश के काकीनाडा जिले (वेत्लापलेम गांव) में भी एक पटाखा निर्माण इकाई में ऐसा ही जोरदार धमाका हुआ था, जिसमें 21 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी थी।

उस वक्त मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने घटना पर गहरा शोक जताते हुए मृतकों के परिजनों के लिए 20 लाख रुपये के मुआवजे का ऐलान किया था।

लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने यह स्पष्ट कर दिया है कि पटाखा फैक्ट्रियों के संचालन को लेकर सुरक्षा मानकों में भारी लापरवाही बरती जा रही है।

ऐसे में यह नितांत आवश्यक हो गया है कि सरकार इस दिशा में कड़े नियम बनाए और जमीनी स्तर पर उनकी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करे, ताकि भविष्य में इस तरह की जनहानि को रोका जा सके।

Santosh SETH

Recent Posts

रायगढ़ हादसा: दिवेआगर बीच पर पिकनिक मनाने गए 8 छात्रों की डूबने से मौत

महाराष्ट्र के रायगढ़ में बड़ा हादसा: पिकनिक मनाने गए 8 छात्रों की समुद्र में डूबने…

1 day ago

यूपी भाजपा : विभिन्न मोर्चों की नई टीम, अनस उस्मानीअल्पसंख्यक अध्यक्ष

यूपी भाजपा में बड़े बदलाव: लंबे इंतजार के बाद विभिन्न मोर्चों की नई टीम घोषित,…

1 day ago

भदोही: ‘मुसहर’ बताकर प्रसूता को अस्पताल से भगाया, डॉक्टर बर्खास्त

भदोही: 'मुसहर' बताकर प्रसूता को अस्पताल से भगाया, सड़क पर हुई डिलीवरी; ईएमओ बर्खास्त, सीएमएस…

1 day ago

जौनपुर में धूमधाम से मनेगी गांधी-शास्त्री जयंती, अनेक कार्यक्रम तय

जौनपुर में धूमधाम से मनेगी गांधी और शास्त्री जयंती: प्रभात फेरी, 5 किमी रेस और…

1 day ago

जौनपुर: वाटरशेड विकास से किसानों की आय में 50% वृद्धि, भूजल स्तर सुधरा

जौनपुर: जल संरक्षण से संवर रहा किसानों का भविष्य, 'रिफॉर्म उत्सव' के जरिए वाटरशेड विकास…

1 day ago

छत्तीसगढ़: ASI और राज्य सरकार के बीच ऐतिहासिक MOU

छत्तीसगढ़ में विरासत पर्यटन को बड़ा बूस्ट: ASI और राज्य सरकार के बीच ऐतिहासिक MOU,…

1 day ago