सोलन – जिले में 1838 गांव खुले में शौच मुक्त और आदर्श गांव घोषित
“जिला स्तरीय स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) और खंड विकास अधिकारियों के साथ विभिन्न विकासात्मक कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने कहा कि इस वर्ष सोलन जिला में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण कार्यक्रम के अंतर्गत 3.25 करोड़ रुपए व्यय किए जा रहे हैं”
सोलन 08 / 12 / 2024 संतोष सेठ की रिपोर्ट
उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत जिला सोलन के सभी 2249 गांव को खुले में शौच मुक्त प्लस आदर्श गांव घोषित करने का कार्य प्रगति पर है। उन्होंने कहा कि जिला में अब तक 1838 गांव खुले में शौच मुक्त प्लस आदर्श गांव घोषित किए जा चुके हैं।
उन्होंने शेष गांवों को इस वर्ष के अंत तक खुले में शौच मुक्त प्लस आदर्श गांव बनाने के लिए सतत् कार्य करने के निर्देश दिए। उपायुक्त ने कहा कि सोलन जिला के बड़ोग में प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाई स्थापित कर दी गई है। उन्होंने कहा कि धर्मपुर, कंडाघाट, कुनिहार और नालागढ़ में प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाई का निर्माण कार्य प्रगति पर है।
उन्होंने कहा कि इस इकाई के स्थापित होने से प्लास्टिक के सही निष्पादन से पर्यावरण शुद्ध होगा और क्षेत्रों में साफ-सफाई रहेगी। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत जि़ला के 2249 गांव में से 1935 गांव ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के तहत कवर कर दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि सोलन जि़ला में अब तक 743 सामुदायिक स्वच्छता परिसर का निर्माण किया जा चुका है। इसके बनने से लोगों को स्वच्छ सुलभ शौचालयों की सुविधा प्राप्त हो रही है। उन्होंने कहा कि अब तक जि़ला में 2041 व्यक्तिगत घरेलू शौचालयों का निर्माण भी करवाया जा चुका है।
मनमोहन शर्मा ने कहा कि जि़ला में पर्यटन व्यवसाय से जुड़े 37 होम स्टे का स्वच्छता ग्रीन लीफ के तहत स्वच्छता मूल्यांकन किया गया है। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत जि़ला की सभी ग्राम पंचायतों में प्लास्टिक कचरा संग्रहण-सह पृथक्करण शेड का निर्माण भी किया जा रहा है।











