त्योहारी भीड़ पर एक्शन में रेल मंत्री: वार रूम से कर रहे लाइव निगरानी
त्योहारी भीड़ पर ‘एक्शन मोड’ में रेल मंत्री: वार रूम से हो रही 28 प्रमुख स्टेशनों की लाइव निगरानी, AI की ली जा रही मदद’
The Politics Again डेस्क: संतोष सेठ
त्योहारों के मौसम (दिवाली और छठ) में रेलवे स्टेशनों पर उमड़ने वाली यात्रियों की भारी भीड़ और उससे पैदा होने वाली अव्यवस्थाओं को लेकर इस बार रेल मंत्रालय (Ministry of Railways) पूरी तरह ‘एक्शन मोड’ में नजर आ रहा है।
स्टेशनों पर भगदड़ जैसी स्थिति न बने और यात्री सुरक्षित घर पहुंच सकें, इसके लिए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव (Ashwini Vaishnaw) ने खुद मोर्चा संभाल लिया है।
खास बात यह है कि रेल मंत्री सिर्फ दफ्तर में बैठकर रिपोर्ट नहीं ले रहे, बल्कि रेलवे के ‘वार रूम’ (War Room) से लेकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन (NDLS) तक ग्राउंड जीरो पर जाकर जमीनी हकीकत परख रहे हैं।
‘वार रूम’ से 28 प्रमुख स्टेशनों की 24×7 निगरानी
मीडिया से बातचीत में रेल मंत्री ने रेलवे के ‘वार रूम’ की कार्यप्रणाली के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि वार रूम के जरिए देश के 28 प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ की लगातार लाइव (Live) निगरानी की जा रही है।
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लाइव डैशबोर्ड और AI: लाइव डैशबोर्ड के माध्यम से अधिकारी यह ट्रैक कर रहे हैं कि किस स्टेशन पर कितनी भीड़ है।
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इसके अलावा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से भीड़ के पैटर्न को समझा जा रहा है, ताकि दबाव वाले क्षेत्रों की समय रहते पहचान कर अतिरिक्त इंतजाम किए जा सकें।
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4 स्तरीय निगरानी: यह निगरानी चार स्तरों पर हो रही है— स्टेशन स्तर, मंडल (Division), जोन (Zone) और अंत में रेलवे बोर्ड तक।
18 हजार विशेष ट्रेनें और नई दिल्ली स्टेशन का औचक दौरा
यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इस साल दुर्गा पूजा, दीपावली और छठ के लिए 18,000 से अधिक विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं (पिछले साल यह संख्या 12,000 थी)।
रेल मंत्री की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि 6 नवंबर को वे खुद नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचे।
उन्होंने प्रवेश-निकास व्यवस्था, यात्री होल्डिंग एरिया और सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया और यात्रियों से सीधे बातचीत कर उनकी प्रतिक्रिया जानी।
(ज्ञात हो कि त्योहारों के दौरान दिल्ली के 5 प्रमुख स्टेशनों पर यात्रियों की संख्या 5 लाख से बढ़कर 8 लाख तक पहुंच जाती है।)
स्टेशनों पर सुरक्षा और सुविधाओं के अहम इंतजाम
रेलवे ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए स्टेशनों पर कई अहम कदम उठाए हैं:
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700 नए AI कैमरे: सुरक्षा और भीड़ की निगरानी को मजबूत करने के लिए 700 अतिरिक्त AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कैमरे लगाए गए हैं।
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यात्री सुविधा केंद्र (आनंद विहार): आनंद विहार टर्मिनल पर लगभग 7,000 यात्रियों की क्षमता वाला विशाल यात्री सुविधा/होल्डिंग एरिया तैयार किया गया है।
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अलग-अलग होल्डिंग एरिया: आरक्षित (Reserved) और अनारक्षित (Unreserved) यात्रियों के लिए अलग-अलग होल्डिंग एरिया बनाए गए हैं।
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सामान की जांच करने वाले एक्स-रे स्कैनर को भी स्टेशन के बाहरी हिस्से में शिफ्ट कर दिया गया है।
रेलवे के लिए असली परीक्षा केवल अतिरिक्त ट्रेनें चलाना नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी यात्री को स्टेशन पर घंटों भटकना न पड़े।
रेल मंत्री का ‘वार रूम’ में बैठकर लाइव निगरानी करना यह स्पष्ट संकेत देता है कि इस बार लापरवाही का कोई जोखिम नहीं लिया जाएगा।
दिवाली-छठ की भीड़: रेल मंत्रालय का ‘मेगा क्राउड मैनेजमेंट’
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योजना / तकनीक (Strategy & Tech) |
प्रमुख विवरण (Key Details) |
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रेलवे ‘वार रूम’ (War Room) |
देश के 28 प्रमुख स्टेशनों की 24×7 लाइव निगरानी और 4 स्तरीय कंट्रोल। |
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AI और कैमरों का इस्तेमाल |
भीड़ का पैटर्न समझने के लिए 700 अतिरिक्त AI कैमरे लगाए गए। |
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त्योहारी स्पेशल ट्रेनें |
इस साल कुल 18,000 से अधिक विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं। |
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नई दिल्ली रेलवे स्टेशन दौरा |
रेल मंत्री ने खुद NDLS पहुंचकर प्रवेश-निकास और सुविधाओं को परखा। |
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आनंद विहार टर्मिनल इंतजाम |
7,000 यात्रियों की क्षमता वाला बड़ा यात्री सुविधा केंद्र बनाया गया। |
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अलग-अलग होल्डिंग एरिया |
आरक्षित और अनारक्षित टिकट वालों के लिए अलग प्रवेश द्वार और होल्डिंग एरिया। |











