PM Narendra Modi sharing a Sanskrit Subhashitam about life lessons

पीएम मोदी ने बताए जीवन को प्रकाशमान करने वाले आठ आवश्यक गुण

पीएम मोदी ने साझा किया संस्कृत सुभाषितम्, बताए चरित्र निर्माण के 8 आवश्यक गुण”

नई दिल्ली: द  पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भारतीय संस्कृति और प्राचीन ज्ञान के महत्व को दोहराते हुए मंगलवार को एक अत्यंत प्रेरणादायक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर साझा किए गए इस श्लोक में व्यक्ति के जीवन को प्रकाशमान करने और एक मजबूत चरित्र का निर्माण करने वाले आठ आवश्यक गुणों का विस्तार से वर्णन किया गया है।

प्रधानमंत्री द्वारा साझा किया गया श्लोक इस प्रकार है: “अष्टौ गुणाः पुरुषं दीप्यन्ति प्रज्ञा सुशीलत्वदमौ श्रुतं च। संयोगश्च बहुभाषिता च दानं यथाशक्ति कृतज्ञता च।।”

जीवन को सफल बनाने वाले 8 मुख्य गुण:

प्रधानमंत्री ने इस श्लोक का अर्थ समझाते हुए बताया कि ये आठ गुण किसी भी व्यक्ति के जीवन में उजाला लाते हैं और उसके व्यक्तित्व को पूर्णता प्रदान करते हैं:

  • बुद्धि (Intelligence): यह व्यक्ति के जीवन के मार्ग को स्पष्ट करती है और सही निर्णय लेने में मदद करती है।
  • सदाचार (Good Character): यह आचरण को पवित्र बनाता है और समाज में सम्मान दिलाता है।
  • आत्म-संयम (Self-Control): यह गुण व्यक्ति को हर परिस्थिति में अनुशासित रखता है।
  • ज्ञान (Knowledge): शिक्षा और ज्ञान व्यक्ति को उचित-अनुचित का विवेक देते हैं।
  • वीरता (Courage): यह व्यक्ति को कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी अडिग और मजबूत रखती है।
  • कुशल वाणी (Eloquent Speech): मीठी और कुशल वाणी व्यक्ति को समाज में आदर और सम्मान दिलाती है।
  • दान (Charity): अपने सामर्थ्य और शक्ति के अनुसार दान करना मनुष्य का परम धर्म है।
  • कृतज्ञता (Gratitude): दूसरों द्वारा किए गए उपकारों के प्रति कृतज्ञ (आभारी) रहना व्यक्तित्व को महान बनाता है।

प्रधानमंत्री का यह संदेश देशवासियों, विशेषकर युवाओं को अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और नैतिक मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित करता है।

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