झांसी: फर्जी पुलिस बनकर ठगी करने वाले 23 साइबर अपराधी गिरफ्तार
झांसी में पुलिस का बड़ा एक्शन: ‘फर्जी पुलिस’ बनकर ठगी करने वाले 23 साइबर अपराधी गिरफ्तार, लाखों की नकदी बरामद”
झांसी (उत्तर प्रदेश): द पॉलिटिक्स अगैन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
देश में तेजी से बढ़ रहे साइबर अपराधों (Cyber Crime) पर लगाम लगाने के लिए झांसी पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) झांसी के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक (साइबर क्राइम) अरीबा नोमान के नेतृत्व में पुलिस ने एक बड़े साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 23 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
यह गिरोह खुद को पुलिस अधिकारी बताकर भोले-भाले लोगों को अपना शिकार बनाता था।
‘फर्जी पुलिस’ बनकर दिखाते थे गिरफ्तारी का डर
पुलिस की जांच में इस गिरोह के काम करने के बेहद चौंकाने वाले तरीके (Modus Operandi) का खुलासा हुआ है।
-
ये शातिर आरोपी अलग-अलग ठिकानों पर बैठकर लोगों को फोन करते थे और खुद को बड़ा पुलिस अधिकारी या पुलिसकर्मी बताते थे।
-
इसके बाद ये पीड़ितों को किसी फर्जी मुकदमे में फंसाने या उनकी गिरफ्तारी का डर दिखाते थे।
-
डर के मारे जब लोग घबरा जाते थे, तो ये उनसे बैंकिंग और निजी जानकारी हासिल कर उनके बैंक खातों से लाखों रुपये उड़ा लेते थे।
120 मोबाइल फोन और 9 लाख रुपये से ज्यादा कैश बरामद
पुलिस ने जब इस गिरोह के ठिकानों पर छापेमारी की, तो वहां से साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाला भारी-भरकम ‘डिजिटल जखीरा’ और नकदी बरामद हुई। गिरफ्तार 23 आरोपियों के कब्जे से निम्नलिखित चीजें जब्त की गई हैं:
-
120 मोबाइल फोन
-
35 डेबिट कार्ड और 13 अन्य बैंक कार्ड
-
29 बैंक पासबुक
-
20 पहचान पत्र (आईडी कार्ड) और 4 वोटर आईडी
-
1 लैपटॉप और 1 टैबलेट
-
9 लाख 20 हजार 510 रुपये की भारी नकदी, साथ ही पीली और सफेद धातु के आभूषण।
नेटवर्क की तलाश में जुटी पुलिस
साइबर थाना झांसी में इन सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अब इन गिरफ्तार आरोपियों के पूरे नेटवर्क और इनके द्वारा देशभर में की गई अन्य साइबर ठगी की वारदातों की भी गहनता से जांच कर रही है।
झांसी पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि वे फोन पर खुद को पुलिस बताने वाले अज्ञात लोगों से सतर्क रहें और किसी भी तरह की निजी या बैंकिंग जानकारी साझा न करें।
गौरतलब है कि इससे पहले उत्तर प्रदेश के कानपुर में भी साइबर ठगों के एक ऐसे ही बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ था,
जहां 13 लोगों को अश्लील वीडियो और फर्जी पुलिस बनकर ठगी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।











