“हिमाचल प्रदेश औषधि नियंत्रक प्रशासन ने एक बड़ा कदम उठाते हुए बच्चों के उपचार में उपयोग होने वाले सिरप ‘एलमोंट-किड’ (Almont-Kid) की बिक्री, खरीद और वितरण पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है”
बद्दी | शनिवार, 10 जनवरी 2026 संतोष सेठ की रिपोर्ट
प्रयोगशाला जांच में इस सिरप के भीतर एथिलीन ग्लाइकोल (EG) नामक अत्यंत विषैला रसायन पाया गया है, जो बच्चों के स्वास्थ्य के लिए जानलेवा साबित हो सकता है।
राज्य औषधि नियंत्रक डॉ. मनीष कपूर के अनुसार, लैब टेस्टिंग के दौरान इस सिरप के नमूने में 1.48 प्रतिशत एथिलीन ग्लाइकोल की उपस्थिति पाई गई। यह एक ऐसा जहरीला तत्व है जिसका उपयोग औद्योगिक कार्यों में होता है और दवाओं में इसकी मौजूदगी मानव अंगों, विशेषकर किडनी (वृक्क) को पूरी तरह विफल कर सकती है।
दवा विक्रेताओं और अभिभावकों को सलाह दी गई है कि वे निम्नलिखित विवरण वाली दवा का उपयोग न करें:
दवा का नाम: एलमोंट-किड (Almont-Kid) – लेवोसेटिरिजिन डाइहाइड्रो क्लोराइड एवं मॉन्टेलुकास्ट सोडियम सिरप।
निर्माता: एमएस ट्राइडेंट रेमेडीज, बिहार।
बैच नंबर: ए एल. 24002
निर्माण तिथि: जनवरी 2025
समाप्ति तिथि: दिसंबर 2026
हिमाचल प्रदेश में हाल के दिनों में घटिया गुणवत्ता के कारण प्रतिबंधित होने वाली यह पांचवीं कफ सिरप है। औषधि नियंत्रक प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किए हैं कि प्रदेश में किसी भी केमिस्ट शॉप या अस्पताल में इस बैच की दवा का स्टॉक नहीं रखा जाएगा।
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