Chief Minister Vishnu Deo Sai chairing a high-level review meeting of the Transport Department at Mantralaya in Raipur

छत्तीसगढ़: सीएम ने की परिवहन विभाग की समीक्षा, ‘जीरो फेटेलिटी’ पर जोर

छत्तीसगढ़ में ‘जीरो फेटेलिटी’ का लक्ष्य: सीएम विष्णु देव साय ने की परिवहन विभाग की समीक्षा, ब्लैक स्पॉट सुधारने और ग्रामीण बस सेवा के विस्तार के सख्त निर्देश”

रायपुर: द पॉलिटिक्स अगेन : कृष्णा सोनी की रिपोर्ट 

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को मंत्रालय में परिवहन विभाग के कामकाज की उच्चस्तरीय समीक्षा की।

राज्य में सुरक्षित, सुगम और आधुनिक परिवहन व्यवस्था विकसित करने के उद्देश्य से बुलाई गई इस अहम बैठक में मुख्यमंत्री ने सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि दुर्घटनाओं और उनमें होने वाली जनहानि को रोकने के लिए परिवहन, पुलिस, स्वास्थ्य, लोक निर्माण और नगरीय निकायों को ‘मिशन मोड’ में समन्वित रूप से काम करना होगा।

‘जीरो फेटेलिटी’ का लक्ष्य और ब्लैक स्पॉट पर तुरंत कार्रवाई

सीएम साय ने दो टूक शब्दों में कहा कि हमारा लक्ष्य केवल दुर्घटनाएं कम करना नहीं, बल्कि प्रत्येक संभावित जनहानि को रोकना होना चाहिए।

  • ब्लैक स्पॉट: बैठक में बताया गया कि राज्य के 23 दुर्घटना संभावित क्षेत्रों (ब्लैक स्पॉट) की पहचान कर ली गई है।

  • मुख्यमंत्री ने इन स्थानों पर तत्काल सुधारात्मक व सुरक्षात्मक उपाय पूरे करने के निर्देश दिए हैं।

  • राहवीर व पीएम-राहत योजना: सड़क दुर्घटना पीड़ितों की तुरंत मदद के लिए ‘पीएम-राहत’ और ‘राहवीर योजना’ का व्यापक प्रचार-प्रसार करने को कहा गया है, ताकि आम नागरिक बिना डरे घायलों की मदद के लिए आगे आएं।

मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना और पर्यटन को बढ़ावा

ग्रामीण, वनांचल और दूरस्थ क्षेत्रों में जहां नियमित सार्वजनिक परिवहन नहीं है, वहां यातायात सुनिश्चित करने के लिए ‘मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना’ का दायरा बढ़ाने पर जोर दिया गया।

इसके साथ ही, प्रदेश के पर्यटन मिशन को सफल बनाने के लिए पर्यटन स्थलों तक सुरक्षित और सुविधाजनक परिवहन व्यवस्था को अनिवार्य बताया गया।

हाईटेक ड्राइविंग टेस्ट, एचएसआरपी (HSRP) और ई-वाहनों पर जोर

  • ई-ट्रैक व्यवस्था: अयोग्य चालकों पर लगाम कसने के लिए सीसीटीवी और सेंसर आधारित कम्प्यूटराइज्ड ड्राइविंग टेस्ट (ई-ट्रैक) व्यवस्था विकसित की जा रही है।

  • वाहनों की फिटनेस: ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशनों (Automated Testing Stations) के माध्यम से कमर्शियल और अन्य वाहनों की फिटनेस जांच को और अधिक तकनीक आधारित बनाया जाएगा।

  • एचएसआरपी: मुख्यमंत्री ने वाहनों में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) लगाने के अभियान में तेजी लाने और लंबित चालानों की कड़ाई से रिकवरी के निर्देश दिए।

  • पर्यावरण अनुकूल परिवहन: राज्य की इलेक्ट्रिक वाहन (EV) नीति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने ई-वाहनों को प्रोत्साहित करने और इको-फ्रेंडली परिवहन सुविधाओं के विस्तार पर भी बल दिया।