Ahmedabad Metro Phase 2A

अहमदाबाद मेट्रो फेज 2A : मिली मोदी कैबिनेट की मंजूरी

मोदी कैबिनेट का गुजरात को बड़ा तोहफा: 2,169 करोड़ की अहमदाबाद मेट्रो ‘फेज 2A’ को मंजूरी; अब सीधा एयरपोर्ट तक दौड़ेगी ट्रेन “

नई दिल्ली/अहमदाबाद: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

गुजरात के अहमदाबाद और गांधीनगर में शहरी परिवहन को विश्वस्तरीय बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है।

‘The Politics Again’ की नेशनल और इंफ्रास्ट्रक्चर डेस्क के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में अहमदाबाद मेट्रो रेल परियोजना के ‘चरण 2A’ (Phase 2A) को आधिकारिक स्वीकृति दे दी गई है।

इस नए प्रोजेक्ट के तहत मेट्रो का विस्तार कोटेश्वर मार्ग से सीधे सरदार वल्लभभाई पटेल इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक किया जाएगा।

🚇 प्रोजेक्ट ‘फेज 2A’ की मुख्य बातें (एक नजर में)

  • परियोजना की लागत: 2,169.04 करोड़ रुपये (निर्माण के दौरान ब्याज सहित)।

  • कुल लंबाई: 6.032 किलोमीटर का नया मेट्रो कॉरिडोर।

  • कुल स्टेशन: 5 नए स्टेशन (इनमें 4 एलिवेटेड यानी ऊपर और 1 अंडरग्राउंड होगा)।

  • कुल नेटवर्क: इस चरण के पूरा होने पर अहमदाबाद-गांधीनगर कॉरिडोर में मेट्रो का सक्रिय नेटवर्क बढ़कर 77.63 किलोमीटर हो जाएगा।

📍 इन 5 नए स्टेशनों से गुजरेगी मेट्रो

यात्रियों की सुविधा और एयरपोर्ट कनेक्टिविटी को ध्यान में रखते हुए इस नए कॉरिडोर में 5 स्टेशन बनाए जाएंगे:

  1. आश्रम रोड

  2. कोटेश्वर प्राचीन मंदिर

  3. साबरमती नदी

  4. सरदार नगर

  5. हवाई अड्डा (Airport)

🏆 2030 राष्ट्रमंडल खेलों की तैयारी और रोजगार के अवसर

यह प्रोजेक्ट केवल यातायात के लिए नहीं, बल्कि भविष्य के बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों को ध्यान में रखकर भी तैयार किया गया है:

  • अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन: इस विस्तार से अहमदाबाद-गांधीनगर के प्रमुख आवासीय और वाणिज्यिक केंद्र तो जुड़ेंगे ही, साथ ही 2029 के विश्व पुलिस खेलों और 2030 के राष्ट्रमंडल खेलों (Commonwealth Games) के लिए आसपास के क्षेत्र में खेल सुविधाओं और कनेक्टिविटी को विश्वस्तरीय बनाने में मदद मिलेगी।

  • रोजगार: निर्माण कार्य के चरम समय के दौरान लगभग 2,000 लोगों को सीधा रोजगार मिलेगा। वहीं, सिस्टम के संचालन और रखरखाव (O&M) के लिए स्थायी रूप से 500 लोगों को काम मिलने की संभावना है।

💡 आम जनता और शहर को क्या होंगे फायदे?

  1. यातायात जाम से मुक्ति: एयरपोर्ट तक निर्बाध कनेक्टिविटी मिलने से सड़कों पर वाहनों का दबाव काफी कम होगा। इससे यात्रा के समय में भारी बचत होगी और सड़क सुरक्षा बढ़ेगी।

  2. आर्थिक बूम (Economic Growth): रेलवे स्टेशन, बस डिपो और एयरपोर्ट तक बेहतर और तेज पहुंच से उत्पादकता बढ़ेगी। नए मेट्रो स्टेशनों के आसपास के क्षेत्रों में व्यापार और निवेश आकर्षित होगा।

  3. पर्यावरण को फायदा: जीवाश्म ईंधन (पेट्रोल-डीजल) पर चलने वाले वाहनों का उपयोग घटने से अहमदाबाद और गांधीनगर में कार्बन उत्सर्जन में उल्लेखनीय कमी आएगी।

  4. सामाजिक प्रभाव: समाज के हर वर्ग को एक समान, सुरक्षित और सस्ते सार्वजनिक परिवहन की सुविधा मिलेगी, जिससे लोगों के जीवन स्तर (Quality of Life) में सुधार होगा।

निष्कर्ष: 2,169 करोड़ रुपये की यह मेट्रो परियोजना अहमदाबाद के लिए एक ‘क्रांतिकारी विकास’ साबित होने जा रही है।

यह न केवल वर्तमान यातायात चुनौतियों का समाधान करेगी, बल्कि भविष्य के एक स्मार्ट और सस्टेनेबल शहर की नींव भी रखेगी।