डीआरआई (DRI) ने गुजरात में 19.41 करोड़ रुपये के 13 किलो विदेशी सोने की तस्करी का भंडाफोड़ किया, तीन आरोपी गिरफ्तार।
DRI का गुजरात में बड़ा प्रहार: 19.41 करोड़ के 13 किलो विदेशी सोने की तस्करी का भंडाफोड़, सिंडिकेट के 3 तस्कर गिरफ्तार”
अहमदाबाद: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने गुजरात में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोने की तस्करी करने वाले एक बड़े और संगठित सिंडिकेट (गिरोह) का भंडाफोड़ किया है।
यह गिरोह अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और सूरत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के जरिए भारत में विदेशी सोने की तस्करी कर रहा था।
डीआरआई की इस बड़ी कार्रवाई में लगभग 19.41 करोड़ रुपये मूल्य के 13.017 किलोग्राम विदेशी मूल के सोने का पर्दाफाश हुआ है।
इस मामले में सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 के तहत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
विशेष खुफिया जानकारी के आधार पर, डीआरआई के अधिकारियों ने संदिग्धों की निगरानी शुरू की और 16 अक्टूबर 2026 से लगातार 42 घंटे तक एक समन्वित तलाशी अभियान चलाया।
इस मैराथन अभियान में तस्करी के पूरे नेटवर्क की परतें खुल गईं, जिसमें यात्रियों के जरिए सोना लाना, बिचौलियों तक पहुंचाना, वडोदरा में अवैध रूप से सोना पिघलाना और अंततः अहमदाबाद की एक आभूषण (ज्वेलरी) दुकान के जरिए उसे बाजार में बेचना शामिल था।
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि तस्करों ने सुरक्षा एजेंसियों की आंखों में धूल झोंकने के लिए बेहद शातिर तरीके अपनाए थे:
छिपाने के तरीके: सोने को रोडियम की परत चढ़े पतले तारों, ट्रॉली बैग की भीतरी परतों और बैग के भीतरी खोल में ‘सोने के पेस्ट’ (Gold Paste) के रूप में छिपाकर लाया जाता था।
सप्लाई चेन: हवाई अड्डों से बाहर निकलने के बाद यह सोना संबंधित व्यक्तियों को सौंपा जाता था। वहां से बिचौलियों के जरिए इसे वडोदरा स्थित एक अवैध इकाई में पिघलाने के लिए भेजा जाता था, जिसके बाद इसे बिक्री के लिए अहमदाबाद की ज्वेलरी शॉप में खपाया जाता था।
इस समन्वित अभियान के दौरान डीआरआई ने लगभग 890 ग्राम सोना सीधे तौर पर जब्त किया और अवैध रूप से पिघलाए गए 6.41 किलोग्राम सोने के साक्ष्य जुटाए।
अहमदाबाद की आभूषण दुकान से विदेशी मूल की ऐसी सोने की छड़ें मिलीं, जिनका कोई कागजी रिकॉर्ड नहीं था।
इसके अलावा, लगभग 5.8 किलोग्राम तस्करी के सोने के लेन-देन के दस्तावेज भी बरामद हुए। जांच में खुलासा हुआ है कि इस गिरोह के तार दुबई स्थित मुख्य वित्तपोषक (Financier) से जुड़े हुए हैं।
डीआरआई ने तस्करी के इस पूरे सिंडिकेट को ध्वस्त कर दिया है और आगे की पूछताछ जारी है।
| महत्वपूर्ण बिंदु (Key Highlights) | विस्तृत विवरण (Details) |
| 🚨 कार्रवाई करने वाली एजेंसी | राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) |
| 📍 तस्करी के मुख्य केंद्र | अहमदाबाद और सूरत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे |
| 💰 कुल रिकवरी/लेन-देन का खुलासा | 13.017 किलोग्राम विदेशी सोना (कीमत लगभग ₹19.41 करोड़) |
| 👥 गिरफ्तारियां | 3 व्यक्ति (सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 के तहत गिरफ्तार) |
| 🛠️ सोने को छिपाने का तरीका | रोडियम चढ़े तार, ट्रॉली बैग की परतें और बैग के खोल में ‘सोने का पेस्ट’ |
| 🔗 तस्करी का पूरा नेटवर्क (चेन) | हवाई यात्री ➔ बिचौलिए ➔ वडोदरा (पिघलाने वाली इकाई) ➔ अहमदाबाद (ज्वेलरी शॉप) |
| 🌍 विदेशी कनेक्शन | गिरोह का मुख्य वित्तपोषक (Financier) दुबई से ऑपरेट कर रहा था |
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