“हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के फैसले के बाद मुख्य संसदीय सचिवों की मूलभूत सुविधाएं छीनी जाएंगी। सीपीएस को सचिवालय में मिले कमरे भी खाली करने होंगे। यहीं नहीं सरकार की ओर से इन्हें मंत्री की तर्ज पर दी गई सुख सुविधाएं भी हट जाएंगी। सरकारी कोठियां खाली करनी होंगी। इनके साथ सरकारी कर्मचारी भी वापस अपने विभागों में जाएंगे”
शिमला 14 / 11 / 2024 संतोष सेठ की रिपोर्ट
बुधवार को हाईकोर्ट के फैसले के बाद सचिवालय में सीपीएस के कमरों में सन्नाटा पसरा रहा। कई भी सीपीएस सचिवालय में नहीं देखे गए। सुक्खू सरकार ने सुंदर सिंह ठाकुर और संजय अवस्थी को पहले सीपीएस बनाया। इसके बाद चार अन्य ने गोपनीयता की शपथ ली।
प्रधानमंत्री आवास योजना–शहरी (PMAY-U): 1.25 करोड़ घरों की स्वीकृति, 'PMAY-U 2.0' से समावेशी विकास और…
NHRIMH कोट्टायम: होम्योपैथी मानसिक स्वास्थ्य अनुसंधान और इंफ्रास्ट्रक्चर को मिलेगी नई रफ्तार, वित्त समिति ने…
EPFO में बड़ा बदलाव: वेतन सीमा ₹15,000 से बढ़ाकर हुई ₹25,000, 51 लाख नए कर्मचारियों…
लोलार्क छठ 2026: संतान प्राप्ति के लिए प्राचीन लोलार्क कुंड में आस्था की डुबकी, 10…
मेरठ: सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर शास्त्री नगर सेंट्रल मार्केट में चला बुलडोजर, 44 सील…
मक्का के आसमान में मंडराया ड्रोन का खतरा, सऊदी ने किया नष्ट; हूतियों के हमलों…