Breaking News

ब्रिक्स 2026: जिनपिंग का मध्य पूर्व में शांति का आह्वान, टैरिफ का विरोध

ब्रिक्स 2026: शी जिनपिंग का मध्य पूर्व में शांतिदूत बनने का आह्वान, मनमाने टैरिफ और संरक्षणवाद का किया कड़ा विरोध”

नई दिल्ली:संतोष सेठ, संपादक (THE POLITICS AGAIN)

चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने नई दिल्ली में आयोजित 18वें ब्रिक्स (BRICS) शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए सदस्य देशों से मध्य पूर्व के संघर्ष में ‘शांतिदूत’ की भूमिका निभाने का आग्रह किया।

सात साल के लंबे अंतराल के बाद भारत पहुंचे शी जिनपिंग ने स्पष्ट किया कि चीन इस शांति प्रक्रिया में ब्रिक्स के अन्य सदस्य देशों के साथ मिलकर काम करने के लिए पूरी तरह तैयार है,

क्योंकि यह युद्ध “अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साझा हितों के खिलाफ है” और इससे पूरे क्षेत्र के लोगों को भारी नुकसान हुआ है।

चीनी सरकारी मीडिया सीसीटीवी (CCTV) के अनुसार, चीन अगले साल 19वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी भी करेगा।

मनमाने टैरिफ और संरक्षणवाद का विरोध

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए दंडात्मक टैरिफ पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए, चीनी राष्ट्रपति ने ब्रिक्स देशों से हर तरह के संरक्षणवाद (Protectionism) को खारिज करने की अपील की।

उन्होंने सदस्य देशों से संप्रभुता के उल्लंघन का विरोध करने का आग्रह किया। इसके साथ ही, शी जिनपिंग ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया

साथ ही इस नई तकनीक के माध्यम से नए औद्योगीकरण को रफ्तार देने के लिए एक विशेष पहल का प्रस्ताव रखा।

7 साल बाद भारत में जिनपिंग: संबंधों का घटनाक्रम

शी जिनपिंग आखिरी बार अक्टूबर 2019 में भारत आए थे, जब चेन्नई के मामल्लापुरम (महाबलीपुरम) में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी अनौपचारिक मुलाकात हुई थी।

इसके बाद जून 2020 में गलवान घाटी में हिंसक झड़प के कारण दोनों देशों की सेनाएं आमने-सामने आ गईं और सीमा पर भारी तैनाती से रिश्ते बेहद खराब हो गए थे।

हालांकि, कूटनीतिक वार्ताओं के बाद अक्टूबर 2024 में कजान (रूस) ब्रिक्स समिट और अगस्त 2025 में तियानजिन (चीन) में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की बैठक के दौरान मोदी और जिनपिंग की सकारात्मक मुलाकात हुई।

तियानजिन बैठक में ही पीएम मोदी ने शी जिनपिंग को 2026 के दिल्ली ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए आधिकारिक न्योता दिया था, जिसके परिणामस्वरूप आज यह महत्वपूर्ण दौरा संभव हो सका है।

Santosh SETH

Recent Posts

ब्रिक्स बैठक: साझा मुद्रा का जिक्र नहीं, स्थानीय मुद्रा और UPI पर जोर

ब्रिक्स बैठक: साझा मुद्रा या 'डी-डॉलराइजेशन' का जिक्र नहीं, स्थानीय मुद्राओं में व्यापार और UPI…

36 minutes ago

ब्रिक्स 2026: ईरान ने दी अमेरिका को चेतावनी, ट्रंप बोले- जल्द खत्म होगा युद्ध

ब्रिक्स समिट 2026: ईरान ने अमेरिका-इज़राइल को ललकारा, समुद्री जंग तेज और ट्रंप ने किया…

49 minutes ago

ब्रिक्स 2026: भारत की सफल कूटनीति से इस्लामाबाद में सन्नाटा

ब्रिक्स 2026: नई दिल्ली में वैश्विक दिग्गजों का जमावड़ा, भारत की कूटनीतिक ताकत देख पाकिस्तान…

7 hours ago

ब्रिक्स 2026: पीएम मोदी का मंत्र, पिरामिड नहीं साझेदारी का मंच बने दुनिया

ब्रिक्स समिट 2026: 20वें वर्ष में BRICS, पीएम मोदी ने दिया 'विशेषाधिकार के पिरामिड' को…

7 hours ago

ब्रिक्स 2026: पीएम मोदी का 10-सूत्रीय रोडमैप, रूल-मेकर बने ग्लोबल साउथ

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2026: पीएम मोदी का 10-सूत्रीय रोडमैप, 'रूल-टेकर नहीं, रूल-मेकर बने ग्लोबल साउथ'…

7 hours ago

एनएमसी की नई सीट मैट्रिक्स जारी, देश में बढ़ीं 13 हजार MBBS सीटें

मेडिकल छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी: NMC ने जारी की नई सीट मैट्रिक्स, देश में…

10 hours ago