यूपी राज्यसभा चुनाव: भाजपा ने घोषित किए 8 उम्मीदवार
यूपी राज्यसभा चुनाव 2026: भाजपा ने घोषित किए 8 उम्मीदवार; हरदीप पुरी और बीएल वर्मा का टिकट कटा, जातीय संतुलन पर बड़ा दांव”
लखनऊ/नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की केंद्रीय चुनाव समिति ने उत्तर प्रदेश से आगामी राज्यसभा चुनाव 2026 के लिए अपने 8 प्रत्याशियों की आधिकारिक सूची जारी कर दी है।
पार्टी आलाकमान ने संगठन के निष्ठावान कार्यकर्ताओं, अनुभवी नेताओं और युवा-महिला चेहरों के रणनीतिक मिश्रण को उच्च सदन भेजने का फैसला किया है।
घोषित उम्मीदवारों में धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पाण्डेय, प्रियंका सिंह रावत, राम प्रताप सिंह चौहान और श्रुति गंगवार शामिल हैं।
हरदीप पुरी और बीएल वर्मा का पत्ता कटा
पार्टी की इस सूची का सबसे चौंकाने वाला पहलू केंद्रीय मंत्रियों का दोबारा नामित न होना रहा। मोदी सरकार में वरिष्ठ केंद्रीय कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह पुरी और केंद्रीय राज्य मंत्री बी.एल. वर्मा को इस बार उत्तर प्रदेश से राज्यसभा का उम्मीदवार नहीं बनाया गया है।
पार्टी नेतृत्व ने स्पष्ट संकेत दिया है कि संगठन में लंबे समय से समर्पित कार्यकर्ताओं को संसदीय प्रतिनिधित्व के लिए प्राथमिकता दी जा रही है।
सोशल इंजीनियरिंग और जातीय समीकरणों की सटीक बिसात
भाजपा ने इस सूची के जरिए उत्तर प्रदेश के सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन को पूरी तरह साधने का प्रयास किया है:
-
ब्राह्मण प्रतिनिधित्व: प्रबुद्ध वर्ग को साधने के लिए पार्टी ने दो वरिष्ठ ब्राह्मण चेहरों—इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन से जुड़े वरिष्ठ अधिवक्ता राधाकांत ओझा और संगठन के वरिष्ठ नेता गोपी कृष्ण पाण्डेय पर भरोसा जताया है।
-
दलित और वंचित समाज: जौनपुर/पूर्वांचल से आने वाले वरिष्ठ दलित नेता व पूर्व सांसद विद्यासागर सोनकर और बाराबंकी की पूर्व सांसद प्रियंका सिंह रावत को प्रत्याशी बनाकर अनुसूचित वर्ग को मजबूत संदेश दिया गया है।
-
ओबीसी और महिला प्रतिनिधित्व: पिछड़ा वर्ग (OBC) से कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र के संगठन नेता प्रकाश पाल, श्रुति गंगवार और धर्मपाल सिंह को सूची में शामिल किया गया है।
-
वहीं, आधी आबादी (महिला वर्ग) का प्रतिनिधित्व बढ़ाने के लिए प्रियंका सिंह रावत और श्रुति गंगवार को उच्च सदन का टिकट दिया गया है।
-
ठाकुर/सामान्य वर्ग: क्षत्रिय समाज से पूर्व विधायक व संगठन नेता राम प्रताप सिंह चौहान को प्रत्याशी बनाया गया है।
निर्विरोध चुनाव की ओर बढ़ा सियासी गणित
उत्तर प्रदेश की कुल 10 राज्यसभा सीटों पर 16 अक्टूबर को मतदान प्रस्तावित है, जिसके लिए नामांकन की अंतिम तिथि 6 अक्टूबर है।
उत्तर प्रदेश विधानसभा के मौजूदा संख्याबल के आधार पर भाजपा के खाते में 8 सीटें और समाजवादी पार्टी के खाते में 2 सीटें पूरी तरह सुरक्षित हैं।
सपा द्वारा प्रो. रामगोपाल यादव और धनराज नाथवानी को पहले ही प्रत्याशी बनाए जाने के बाद, अब भाजपा द्वारा केवल 8 उम्मीदवार उतारने से सभी 10 सीटों पर चुनाव के निर्विरोध संपन्न होने की संभावना बेहद प्रबल हो गई है।
यूपी राज्यसभा चुनाव 2026: भाजपा के 8 उम्मीदवार और सामाजिक समीकरण
| क्र.सं. | उम्मीदवार का नाम | सामाजिक / जातीय समीकरण | पृष्ठभूमि एवं राजनीतिक पहचान |
| 1. | धर्मपाल सिंह | पिछड़ा वर्ग (OBC) | वरिष्ठ राजनेता एवं संगठनात्मक अनुभव |
| 2. | राधाकांत ओझा | सामान्य (ब्राह्मण) | वरिष्ठ अधिवक्ता, हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष |
| 3. | प्रकाश पाल | पिछड़ा वर्ग (पाल/गडरिया) | क्षेत्रीय अध्यक्ष (कानपुर-बुंदेलखंड), जमीनी संगठनकर्ता |
| 4. | विद्यासागर सोनकर | अनुसूचित जाति (दलित) | पूर्व सांसद/एमएलसी, जौनपुर-पूर्वांचल के कद्दावर नेता |
| 5. | गोपी कृष्ण पाण्डेय | सामान्य (ब्राह्मण) | वरिष्ठ भाजपा नेता एवं संगठन के समर्पित कार्यकर्ता |
| 6. | प्रियंका सिंह रावत | अनुसूचित वर्ग / महिला | बाराबंकी की पूर्व लोकसभा सांसद |
| 7. | राम प्रताप सिंह चौहान | सामान्य (क्षत्रिय/ठाकुर) | पूर्व विधायक एवं पश्चिमी यूपी के संगठन नेता |
| 8. | श्रुति गंगवार | पिछड़ा वर्ग (कुर्मी) / महिला | रुहेलखंड क्षेत्र से सक्रिय युवा-महिला नेतृत्व |











