राजनीति समसामयिक : क्या गिरेगी पंजाब की भगवंत मान सरकार?
AAP में महा-टूट के बाद क्या गिरेगी पंजाब की भगवंत मान सरकार? 27 विधायकों के टूटने का सनसनीखेज दावा, जानें सियासी हलचल
चंडीगढ़/नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
आम आदमी पार्टी (AAP) के लिए पिछला दिन सियासी इतिहास का सबसे उथल-पुथल और झटके भरा दिन साबित हुआ।
पार्टी के प्रमुख चेहरे और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के नेतृत्व में 7 सांसदों ने एक साथ बगावत कर 15 साल पुराना साथ छोड़ दिया और भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया।
राज्यसभा में हुए इस ‘सियासी विलय’ के बाद अब असली हलचल पंजाब में शुरू हो गई है। विपक्षी दलों के बयानों और दावों ने इस सवाल को हवा दे दी है कि क्या अब पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार भी गिरने वाली है?
विपक्षी नेताओं—खासकर कांग्रेस और जयहिंद सेना—ने सनसनीखेज दावे करते हुए पंजाब की राजनीति में भूचाल ला दिया है। आइए समझते हैं कि आखिर दावों में कितना दम है और विपक्षी नेताओं ने क्या कहा है:
उदित राज का बयान: ‘पंजाब सरकार पर मंडरा रहा है असली खतरा’
7 सांसदों के भाजपा में शामिल होने के तुरंत बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता उदित राज ने बड़ा बयान दिया।
उन्होंने दावा किया कि राज्यसभा सांसदों का जाना तो केवल एक शुरुआत है, आम आदमी पार्टी के लिए ‘असली खतरा’ तो पंजाब में पैदा हो गया है।
उनके इस बयान ने सियासी गलियारों में इस चर्चा को तेज कर दिया कि क्या भाजपा अब पंजाब विधानसभा में ‘ऑपरेशन लोटस’ चलाने की तैयारी कर रही है।
राजा वड़िंग की चेतावनी: ‘AAP रहे सचेत’
उदित राज के दावों को उस वक्त और बल मिला, जब पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष और सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने भी इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी।
राजा वड़िंग ने आम आदमी पार्टी को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि दिल्ली में जो हुआ है, उसके बाद पंजाब में AAP नेतृत्व को अत्यधिक सचेत रहने की आवश्यकता है।
उनके इस बयान से स्पष्ट है कि पंजाब के भीतर भी AAP विधायकों में असंतोष सुलग रहा है।
नवीन जयहिंद का सबसे बड़ा दावा: ’27 विधायक जल्द छोड़ेंगे पार्टी’
इन सभी राजनीतिक कयासों के बीच जयहिंद सेना के प्रमुख नवीन जयहिंद ने सबसे बड़ा और सटीक दावा कर दिया है।
उन्होंने सीधे तौर पर मुख्यमंत्री भगवंत मान को सावधान होने की नसीहत दी है। नवीन जयहिंद ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए कहा कि, “भगवंत मान को अब अपनी कुर्सी की चिंता करनी चाहिए क्योंकि आम आदमी पार्टी के कम से कम 27 विधायक जल्द ही पार्टी छोड़ने वाले हैं।”
विश्लेषण: क्या वाकई पंजाब में गिरेगी AAP की सरकार?
एक के बाद एक आ रहे इन बयानों के बाद पंजाब की जनता और राजनीतिक विश्लेषकों के मन में एक ही सवाल है कि क्या भगवंत मान की कुर्सी खतरे में है?
आंकड़ों की बात करें तो 2022 के विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने 117 सदस्यीय विधानसभा में 92 सीटों के साथ प्रचंड बहुमत हासिल किया था।
सरकार गिराने के लिए दल-बदल कानून (Anti-Defection Law) से बचने हेतु एक बहुत बड़े धड़े (करीब 62 विधायकों) का टूटना जरूरी है।
हालांकि, राजनीति में कुछ भी असंभव नहीं है। राज्यसभा सांसदों के जाने से पार्टी के मनोबल और संगठन को जो गहरी चोट पहुंची है, उसके बाद अगर 27 या उससे अधिक विधायक पार्टी से बगावत करते हैं, तो यह भगवंत मान सरकार के लिए एक बड़ा संकट खड़ा कर सकता है।
बहरहाल, फिलहाल ये केवल विपक्षी नेताओं के बड़े दावे हैं। क्या वाकई भगवंत मान की कुर्सी पर खतरा मंडरा रहा है या AAP इस संकट से उबर जाएगी?
इस सवाल का सटीक जवाब आने वाला समय और पंजाब के विधायकों का रुख ही तय करेगा।











