पीएम मोदी ने किया ‘नशा मुक्त युवा अभियान’ का भव्य शुभारंभ
पीएम मोदी ने किया ‘नशा मुक्त युवा अभियान’ का शुभारंभ: कहा- भटके युवाओं को सजा नहीं, सही राह दिखाएं”
नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ‘नशा मुक्त युवा के लिए विकसित भारत संकल्प अभियान’ का भव्य शुभारंभ किया।
इस ऐतिहासिक अवसर पर 28 हजार से अधिक स्थानों से 1 करोड़ से अधिक युवा इस कार्यक्रम से जुड़े और उन्होंने नशा मुक्त जीवन जीने की शपथ ली। इस मौके पर संत समाज, राज्यों के राज्यपाल और मुख्यमंत्री भी शामिल हुए।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि यह अभियान केवल व्यक्ति के लिए नहीं, बल्कि पूरे राष्ट्र और समाज के लिए है।
‘नशा एक सपने और परिवार की कर देता है हत्या’
पीएम मोदी ने नशे के दुष्प्रभावों पर चिंता जताते हुए कहा कि जब कोई युवा ड्रग्स की लत में फंसता है, तो केवल वह नहीं हारता, बल्कि एक सपना हार जाता है, परिवार टूट जाता है और मां-बाप के सपने चूर-चूर हो जाते हैं।
उन्होंने आगाह किया कि दुश्मन देश भी साजिश के तहत ड्रग्स की सप्लाई कर हमारे युवाओं को तबाह करने की कोशिश करते हैं, जो उनके आतंकी षड्यंत्र का हिस्सा है।
भटके युवाओं को अपनाएं, छिपाएं नहीं
समाज और परिवारों को कड़ा संदेश देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि अगर कोई बच्चा नशे का शिकार हो जाए, तो उसे सामाजिक प्रतिष्ठा की आड़ में छिपाएं नहीं।
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भटके हुए बच्चों को दंडित करने, सामाजिक उत्पीड़न का शिकार बनाने या अदालतों के चक्कर लगवाने के बजाय उन्हें गले लगाना चाहिए।
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उन्हें रिहैबिलिटेशन (सुधार) के जरिए सही रास्ता दिखाना चाहिए। जो युवा नशे को हराकर बाहर निकलता है, वह असली योद्धा है और समाज को उसे दूसरा अवसर देना चाहिए।
काशी से उठी चिंगारी बनी नेशनल मूवमेंट
पीएम मोदी ने बताया कि यह अभियान पिछले साल उनकी संसदीय सीट ‘काशी’ (वाराणसी) से पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू हुआ था, जिसमें 125 से अधिक आध्यात्मिक और सामाजिक संगठनों ने ‘काशी डिक्लेरेशन’ के जरिए संकल्प लिया था।
अब यह एक राष्ट्रीय आंदोलन बन चुका है। आने वाले 100 सप्ताह तक हर रविवार को कला, संस्कृति, योग और अध्यात्म के जरिए नशा मुक्ति का संदेश जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
ड्रग माफियाओं पर सरकार का सख्त एक्शन
प्रधानमंत्री ने युवाओं को ‘अमृत पीढ़ी’ बताते हुए कहा कि 2047 तक भारत को ‘विकसित राष्ट्र’ बनाने की जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार नशे के तस्करों और कारोबारियों के खिलाफ बेहद सख्ती से काम कर रही है और हाल के दिनों में हजारों करोड़ की ड्रग्स जब्त की गई है।
अंत में उन्होंने प्रोफेसरों और शिक्षकों से भी अपील की कि वे कैंपस में नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाएं।











