Akal Takht Jathedar offering condolences to the family of anti-drug activist Parvinder Jhota in Mansa.

परविंदर झोटा हत्याकांड : ‘सिख शहीद’ के पिता को अमित शाह पर भरोसा

परविंदर झोटा हत्याकांड: पिता ने अमित शाह पर जताया भरोसा, अकाल तख्त ने नशा विरोधी कार्यकर्ता को घोषित किया ‘सिख शहीद’

मानसा (पंजाब): द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट 

पंजाब के मानसा में नशे के खिलाफ मुखर आवाज उठाने वाले कार्यकर्ता परविंदर झोटा की सरेआम हत्या के मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है।

एक तरफ जहां सिखों की सर्वोच्च धार्मिक संस्था अकाल तख्त ने उन्हें ‘सिख कौम का शहीद’ घोषित किया है,

वहीं उनके पिता भीम सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर पूर्ण भरोसा जताते हुए मामले की सीबीआई (CBI) जांच की मांग की है।

बता दें कि मंगलवार को मानसा के एक व्यस्त बाजार में मेडिकल स्टोर के मालिक ने गोली मारकर परविंदर की हत्या कर दी थी।

पिता बोले- “अमित शाह का विरोध मेरा विरोध, CBI जांच हो”

परविंदर झोटा के पिता भीम सिंह ने स्पष्ट किया है कि उनका केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से कोई विरोध नहीं है।

  • गृह मंत्री पर भरोसा: भीम सिंह ने कहा कि उन्हें देश के गृह मंत्री पर पूरा भरोसा है और उम्मीद है कि इस हत्याकांड में जल्द और उचित कार्रवाई होगी।

  • उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कोई अमित शाह का विरोध करता है, तो वह उसे अपना व्यक्तिगत विरोध मानेंगे।

  • एक्शन कमेटी में बदलाव: पिता ने बताया कि न्याय के लिए बनाई गई ‘एक्शन कमेटी’ में अब उनकी जगह उनकी बहू मनप्रीत (परविंदर की पत्नी) बैठेंगी।

अकाल तख्त ने दिया ‘शहीद’ का दर्जा

परविंदर झोटा के बलिदान को सम्मान देते हुए अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज्ज और तख्त श्री दमदमा साहिब के जत्थेदार ज्ञानी टेक सिंह ने शुक्रवार को शोक संतप्त परिवार से मानसा जाकर मुलाकात की।

  • शहादत की अरदास: जत्थेदार ज्ञानी गड़गज्ज ने झोटा की स्मृति में अरदास की और उन्हें ‘सिख समुदाय के शहीद’ का दर्जा दिया।

  • नशे पर चिंता: जत्थेदार ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पंजाब के युवा नशे के जाल में फंस रहे हैं और जो इसके खिलाफ आवाज उठा रहे हैं, उन्हें गोलियों का शिकार बनाया जा रहा है।

  • उन्होंने परविंदर द्वारा शुरू किए गए नशा विरोधी अभियान की सफलता के लिए परमात्मा से प्रार्थना की।

क्यों और कैसे हुई थी हत्या?

परविंदर झोटा की हत्या मंगलवार को उस वक्त हुई जब वह एक मेडिकल स्टोर के मालिक अश्वनी कुमार से पूछताछ कर रहे थे।

आरोप था कि दुकानदार एक बुजुर्ग व्यक्ति को नशीली दवाएं बेच रहा था। इसी पूछताछ और विवाद के दौरान अश्वनी कुमार ने परविंदर पर गोली चला दी, जिससे उनकी मौत हो गई।

पुलिस ने आरोपी मेडिकल स्टोर मालिक अश्वनी कुमार को गिरफ्तार कर लिया है।

📊 परविंदर झोटा मर्डर केस (एक नज़र में)

महत्वपूर्ण बिंदु (Key Highlights)

विस्तृत विवरण (Details)

📍 घटनास्थल

मानसा (पंजाब) का व्यस्त बाजार।

👤 मृतक की पहचान

परविंदर झोटा (प्रमुख नशा विरोधी कार्यकर्ता)।

🔫 हत्यारा और कारण

मेडिकल स्टोर मालिक अश्वनी कुमार (नशीली दवाएं बेचने के विरोध पर मारी गोली)।

⚖️ पिता की मांग

गृह मंत्री अमित शाह पर भरोसा, मामले की CBI जांच की मांग।

🛡️ एक्शन कमेटी

परविंदर की पत्नी (बहू) मनप्रीत अब एक्शन कमेटी में शामिल होंगी।

🙏 धार्मिक सम्मान

अकाल तख्त द्वारा परविंदर झोटा को ‘सिख कौम का शहीद’ घोषित किया गया।