: jaunpur-dm-meeting-durga-puja-gandhi-jayanti-preparations

जौनपुर: दुर्गा पूजा में नई परंपरा पर रोक, डीएम ने दिए कड़े निर्देश

जौनपुर: दुर्गा पूजा में नई परंपरा पर रोक, डीएम और एसपी ने की अहम बैठक, सुरक्षा व सुविधाओं के दिए कड़े निर्देश”

जौनपुर: द पॉलिटिक्स अगेन : वरुण यादव की रिपोर्ट 

जनपद में आगामी दुर्गा पूजा और 2 अक्टूबर (गांधी जयंती) के पर्व को शांतिपूर्ण, सकुशल और गरिमापूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद हो गया है।

जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन. की अध्यक्षता और पुलिस अधीक्षक कुंवर अनुपम सिंह की उपस्थिति में देर शाम प्रेक्षागृह में एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई।

इस बैठक में दुर्गा पूजा समितियों के पदाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों के साथ तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई और कई अहम दिशा-निर्देश जारी किए गए।

नई परंपरा पर पूर्ण प्रतिबंध, फायर सेफ्टी अनिवार्य

जिलाधिकारी ने सख्त लहजे में स्पष्ट किया है कि दुर्गा पूजा के दौरान किसी भी प्रकार की ‘नई परंपरा’ की शुरुआत नहीं की जाएगी।

सभी आयोजकों को पूर्व से चली आ रही व्यवस्थाओं और निर्धारित नियमों के अनुरूप ही आयोजन सुनिश्चित करना होगा।

पंडालों में श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए डीएम ने विशेष रूप से फायर सेफ्टी (अग्निशमन) और विद्युत सुरक्षा पर जोर दिया है।

सभी पूजा पंडालों में इन मानकों का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य होगा ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना से बचा जा सके।

विसर्जन मार्गों की मरम्मत और जनसुविधाओं पर जोर

श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग (PWD) और विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंताओं को कड़े निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कहा कि विसर्जन स्थलों पर बिजली के तारों और अन्य व्यवस्थाओं को तत्काल दुरुस्त किया जाए।

इसके साथ ही, विसर्जन और दर्शन के सभी मार्गों को गड्ढामुक्त कर मोटरेबल (आवागमन योग्य) बनाया जाए।

अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि प्रमुख पूजा स्थलों पर मोबाइल टॉयलेट, पेयजल, वाटर टैंक, साफ-सफाई और पर्याप्त प्रकाश की निर्बाध व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

पूजा समितियों और अधिकारियों के बीच आपसी समन्वय स्थापित कर त्वरित समस्या समाधान तंत्र विकसित करने पर भी सहमति बनी।

2 अक्टूबर: गरिमापूर्ण ढंग से मनाई जाएगी गांधी व शास्त्री जयंती

दुर्गा पूजा के साथ ही बैठक में 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती समारोह की रूपरेखा भी तय की गई।

जिलाधिकारी ने बताया कि इस दिन जनपद के सभी राजकीय भवनों पर पूरे सम्मान के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा।

महापुरुषों के चित्रों पर माल्यार्पण, रामधुन और विचार गोष्ठियों का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने सभी अधिकारियों को समय से तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए।

इस अहम बैठक में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) परमानंद झा, और मुख्य राजस्व अधिकारी अजय अश्वस्थ सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

जौनपुर प्रशासन के प्रमुख दिशा-निर्देश: एक नजर में

व्यवस्था / विषय प्रशासन के मुख्य निर्देश
नई परंपराओं पर रोक आयोजन केवल पूर्व निर्धारित नियमों और पुरानी परंपराओं के अनुसार ही होंगे।
सुरक्षा और बचाव पूजा पंडालों में फायर सेफ्टी (अग्निशमन) और विद्युत सुरक्षा मानकों का सख्त पालन।
बुनियादी सुविधाएं प्रमुख पंडालों के पास मोबाइल टॉयलेट, पेयजल, साफ-सफाई और लाइट की पर्याप्त व्यवस्था।
सड़क एवं बिजली विसर्जन मार्गों को मोटरेबल बनाना और लटकते बिजली के तारों को दुरुस्त करना।
गांधी जयंती (2 अक्टूबर) राजकीय भवनों पर ध्वजारोहण, रामधुन, माल्यार्पण एवं विचार गोष्ठी का आयोजन।