A major chlorine gas leak during a water purification project in Nagpur left dozens ill and forced the evacuation of over 125 families.
नागपुर में बड़ा हादसा: वाटर प्यूरीफिकेशन प्रोजेक्ट में ‘क्लोरीन गैस’ लीक; 40 अस्पताल में भर्ती, 150 परिवारों का किया गया रेस्क्यू”
नागपुर : संतोष सेठ की रिपोर्ट : THE POLITICS AGAIN
महाराष्ट्र के नागपुर जिले से एक बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। नागपुर के गोधनी नगर पंचायत इलाके में एक वाटर प्यूरीफिकेशन (जल शुद्धिकरण) प्रोजेक्ट के दौरान अचानक जहरीली क्लोरीन गैस लीक होने से इलाके में हड़कंप मच गया।
गैस के संपर्क में आने से कई लोगों की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिन्हें सांस लेने में गंभीर तकलीफ के बाद तुरंत विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गोधनी नगर पंचायत क्षेत्र में पानी को साफ करने का एक अहम प्रोजेक्ट चल रहा था।
इसी प्रक्रिया के दौरान किसी तकनीकी खामी के चलते भारी मात्रा में क्लोरीन गैस का रिसाव होने लगा। गैस हवा में तेजी से फैली और इसके सीधे संपर्क में आने से:
प्रोजेक्ट पर काम कर रहे 8 से 10 कर्मचारी प्रभावित हुए।
आसपास के इलाके में रहने वाले 20 से 25 स्थानीय लोगों को घुटन और सांस लेने में भारी दिक्कत होने लगी।
आनन-फानन में सभी प्रभावितों को स्थानीय अस्पतालों में ले जाया गया। वर्तमान में 35 से 40 लोग नागपुर के अलग-अलग अस्पतालों में अपना इलाज करा रहे हैं।
स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक, गैस रिसाव से प्रभावित अधिकांश मरीजों का इलाज सामान्य वार्ड में चल रहा है।
हालांकि, जिन लोगों को सांस लेने में अधिक परेशानी हो रही थी, ऐसे 4 से 5 मरीजों को इंटेंसिव केयर यूनिट (ICU) में रखा गया है।
राहत की बात यह है कि प्राथमिक उपचार के बाद 12 लोगों की हालत में सुधार देखते हुए उन्हें अस्पताल से छुट्टी (डिस्चार्ज) दे दी गई है।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और बचाव दल तुरंत हरकत में आ गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बड़े पैमाने पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया:
इलाके को खाली कराते हुए 125 से 150 परिवारों को उनके घरों से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट कर दिया गया है।
मौके पर फायर ब्रिगेड और पुलिस विभाग की टीमें मुस्तैद हैं।
राहत और बचाव कार्य को सुव्यवस्थित करने के लिए NDRF (राष्ट्रीय आपदा मोचन बल), NMC (नागपुर महानगर पालिका) और स्वास्थ्य विभाग की विशेष टीमें घटनास्थल पर कैंप कर रही हैं।
प्रशासन फिलहाल गैस रिसाव के मुख्य कारण का पता लगाने में जुटा है और इलाके में स्थिति को सामान्य करने के प्रयास युद्धस्तर पर जारी हैं।
स्थानीय नागरिकों से अपील की गई है कि वे एहतियात बरतें और प्रभावित क्षेत्र की ओर जाने से बचें।
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