Prime Minister Narendra Modi and senior ministers attending the NDA Mangal Milan parliamentary meeting.

विपक्ष के हंगामे का जवाब, NDA की ‘मंगल मिलन’ में बनी मास्टर रणनीति

विपक्ष के हंगामे को धराशायी करने की तैयारी: NDA की ‘मंगल मिलन’ बैठक में बनी अगले 10 दिनों की मास्टर रणनीति”

नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : संतोष सेठ की रिपोर्ट

संसद के मानसून सत्र में विपक्ष ने लगातार शोर-शराबे और हंगामे को ही अपनी मुख्य राजनीतिक रणनीति बना लिया है, जिससे विधायी कामकाज बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

लेकिन अब सत्ता पक्ष (एनडीए) ने भी विपक्ष को उसी के मैदान में घेरने के लिए जवाबी रणनीति का शंखनाद कर दिया है।

मंगलवार को संसद पुस्तकालय भवन के जीएमसी बालयोगी ऑडिटोरियम में आयोजित एनडीए संसदीय दल की बैठक—जिसे अब ‘मंगल मिलन’ के नाम से जाना जाता है—इसी रणनीतिक तैयारी का प्रमुख केंद्र बनी।

बैठक में अगले दस दिनों के लिए ऐसी विस्तृत ‘फ्लोर रणनीति’ (Floor Strategy) तैयार की गई है, जिससे सरकार अपने एजेंडे को सुचारू रूप से आगे बढ़ा सके और विपक्ष को तथ्यों व आंकड़ों के आधार पर संसद में पछाड़ सके।

दिग्गजों का जमावड़ा और समन्वय पर जोर

इस महत्वपूर्ण बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित कई वरिष्ठ मंत्री मौजूद रहे।

मंच पर पीएम मोदी के साथ भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन भी नजर आए। बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर हालिया उपचुनाव में लगे झटके के बावजूद, बैठक का पूरा फोकस पूरी तरह से आगामी संसदीय रणनीति पर रहा। ‘मंगल मिलन’ अब एनडीए के संसदीय समन्वय का सबसे मजबूत मंच बन गया है।

इस मंच से शिवसेना, जेडीयू (JDU), टीडीपी (TDP), लोजपा, जेडी(एस) और एनसीपीआई सहित सभी सहयोगी दलों के बीच सदन में बोलने की जिम्मेदारियां बांटी जाती हैं, ताकि सरकार का पक्ष पूरी एकजुटता से रखा जा सके।

आंकड़ों से विपक्ष को देगी जवाब: रोजगार और खेल की उपलब्धियां

बैठक का एक बड़ा हिस्सा सरकार की उपलब्धियों को सांसदों तक पहुंचाने पर केंद्रित रहा, ताकि वे विपक्ष के हमलों का तथ्यों के साथ जवाब दे सकें:

  • खेल में भारत की उड़ान: केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने विस्तृत प्रेजेंटेशन देते हुए बताया कि 2014 की नई खेल नीति के बाद भारत ने ओलंपिक और राष्ट्रमंडल खेलों में कितने ऐतिहासिक रिकॉर्ड बनाए हैं।

  • रोजगार पर महा-आंकड़ा: भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने बैठक में रोजगार के आंकड़े साझा किए।

  • उन्होंने बताया कि 2004 से 2014 के बीच यूपीए (UPA) सरकार में केवल 2.89 करोड़ युवाओं को रोजगार मिला,

  • जबकि 2014 से 2026 के बीच लगभग 17.1 करोड़ युवाओं के लिए रोजगार सृजित हुए हैं। सांसदों को निर्देश दिया गया है कि वे इन आंकड़ों के साथ जनता के बीच जाएं।

“मंगल मिलन में मंगल ही होता है”

बैठक में एनडीए कुनबे की गजब की एकजुटता दिखी। पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद पीपी चौधरी ने मुस्कुराते हुए कहा,

“मंगल मिलन में मंगल ही होता है।”

वहीं, टीएमसी छोड़कर एनसीपीआई में शामिल हुए वरिष्ठ सांसद सुदीप बंद्योपाध्याय भी पहली बार इस बैठक में शामिल हुए।

उन्होंने एनडीए की इस संगठित और अनुशासित कार्यप्रणाली की जमकर सराहना की और गठबंधन को पूरी तरह से एकजुट बताया।

राजनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार, जहां विपक्ष सदन को न चलने देने की जिद पर अड़ा है, वहीं एनडीए अब हर मुद्दे पर मजबूत होमवर्क, बेहतरीन समन्वय और ‘स्मार्ट फ्लोर मैनेजमेंट’ के साथ मैदान में उतरने को तैयार है।