अमित शाह का राहुल गांधी पर हमला: ‘कांग्रेस ने संसद को बंधक बनाया’
अमित शाह का राहुल गांधी पर बड़ा हमला: ‘कांग्रेस ने संसद को बंधक बनाया; हम विशेष सत्र बुलाकर हर आरोप का जवाब देने को तैयार’
रायपुर/नई दिल्ली: द पॉलिटिक्स अगेन : कृष्णा सोनी
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में चल रहे गतिरोध और विपक्षी दलों के प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है।
छत्तीसगढ़ में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शाह ने कांग्रेस पर ‘संसद का मज़ाक उड़ाने’ और इसे ‘बंधक बनाने’ का गंभीर आरोप लगाया।
उन्होंने राहुल गांधी को खुली चुनौती देते हुए कहा कि मोदी सरकार उनके द्वारा लगाए गए हर आरोप पर संसद के विशेष सत्र में भी चर्चा करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।
‘नकली संसद बनाकर असली संसद का मज़ाक उड़ाया’
अमित शाह ने कांग्रेस के हालिया प्रदर्शनों पर तंज कसते हुए कहा कि पार्टी ने हमेशा असंवैधानिक तरीकों का समर्थन किया है।
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बहस का ढोंग: शाह ने कहा, “कांग्रेस पार्टी ने एक ‘नकली (समानांतर) संसद’ बनाकर और बहस का ढोंग रचकर हमारी असली लोकतांत्रिक संसद का मज़ाक उड़ाया है।”
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राहुल गांधी को चुनौती: उन्होंने सीधे राहुल गांधी को संबोधित करते हुए कहा, “राहुल जी, मैं आपसे कहना चाहता हूं कि नरेंद्र मोदी सरकार हर एक मुद्दे पर चर्चा करने के लिए तैयार है।
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हम इसके लिए एक विशेष सत्र (Special Session) बुलाने को भी तैयार हैं। आपने संसद को ठप कर दिया है, एक तरह से इसे बंधक बना लिया है।
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संसद को काम करने दें, देश की जनता खुद तय कर लेगी कि सच कौन बोल रहा है।”
अराजकता और तख्तापलट का आरोप
गृह मंत्री ने विपक्ष के रवैये को अलोकतांत्रिक करार देते हुए एक गंभीर दावा भी किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल अब लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव जीतने के बजाय देश में एक ‘अराजक मॉडल’ (Anarchic Model) पर काम कर रहे हैं, जिसका उद्देश्य सत्ता परिवर्तन और तख्तापलट है।
शाह ने एक हालिया टेलीविजन स्टिंग ऑपरेशन का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि देश में सुनियोजित तरीके से हिंसक विरोध-प्रदर्शन भड़काने की कोशिशें की जा रही हैं।
कांग्रेस पर नक्सलवाद को समर्थन देने का आरोप
छत्तीसगढ़ (बस्तर) की धरती से बोलते हुए शाह ने वामपंथी उग्रवाद (Naxalism) के मुद्दे पर भी कांग्रेस को आड़े हाथों लिया।
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चिदंबरम पर निशाना: उन्होंने पूर्व गृह मंत्री पी. चिदंबरम के 2010 के एक बयान का जिक्र करते हुए कहा, “कांग्रेस ने हमेशा नक्सलवाद का समर्थन किया।
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चिदंबरम ने कहा था कि नक्सलियों को हथियार रखने की जरूरत नहीं है, बस उत्पात मत करिए।”
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सुरक्षा बलों की सख्ती: शाह ने स्पष्ट किया कि मोदी सरकार की नीति बिल्कुल साफ है—”मैंने संसद में कहा था कि जिन्हें सरेंडर करना है, वे आएं, हम उन्हें मुख्यधारा में लाएंगे।
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लेकिन जो कानून तोड़ेगा, चाहे वह नॉर्थ-ईस्ट हो, बस्तर हो या कश्मीर, उसे सीधा करने का काम हमारे सुरक्षा बल करेंगे।”
📊 न्यूज़ इन्फोग्राफिक चार्ट: अमित शाह के कांग्रेस पर प्रमुख प्रहार
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मुद्दा (Issue) |
अमित शाह के बयान / आरोप (Amit Shah’s Statements) |
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🏛️ संसद की कार्यवाही |
“कांग्रेस ने ‘नकली संसद’ बनाकर असली संसद का मज़ाक उड़ाया और इसे बंधक बना लिया है।” |
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🗣️ राहुल गांधी को चुनौती |
“मोदी सरकार हर आरोप पर बहस को तैयार है; हम विशेष सत्र भी बुला सकते हैं।” |
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🔥 विपक्ष का रवैया |
“लोकतांत्रिक तरीकों के बजाय कांग्रेस अराजकता और तख्तापलट के मॉडल पर काम कर रही है।” |
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🔫 नक्सलवाद पर नीति |
“कांग्रेस ने हमेशा नक्सलवाद का समर्थन किया; हमारी नीति सरेंडर या फिर सुरक्षा बलों द्वारा सख्त कार्रवाई की है।” |
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📺 स्टिंग ऑपरेशन का जिक्र |
टेलीविजन स्टिंग का हवाला देकर देश में हिंसक विरोध-प्रदर्शन भड़काने की साजिश का आरोप लगाया। |











